सहसपुर मुख्य बाजार में लाखों रुपये की लागत से वर्ष 2012 में बनाया गया सुलभ शौचालय इन दिनों बदहाली का शिकार है। शौचालय के अंदर और बाहर गंदगी फैली होने के कारण दुकानदारों और बाजार में आने वाले ग्राहकों को परेशानी उठानी पड़ रही है। स्थिति यह है कि लोग इसका इस्तेमाल करने से बच रहे हैं।
सहसपुर मुख्य बाजार आसपास की दो दर्जन से अधिक पंचायतों के ग्रामीणों के लिए प्रमुख खरीदारी केंद्र है। रोजाना बड़ी संख्या में ग्रामीण बाजार पहुंचते हैं। ऐसे में बाजार में एकमात्र सुलभ शौचालय होने के बावजूद इसकी नियमित सफाई और रखरखाव नहीं होने से लोगों को परेशानी हो रही है। शौचालय के आसपास भी कूड़ा और गंदगी फैली रहती है।
स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि पहले शौचालय का नियमित उपयोग होता था, लेकिन पिछले कुछ वर्षों से रखरखाव की स्थिति खराब होने के कारण लोग यहां जाने से कतराते हैं। दुकानदारों को लघुशंका आदि के लिए निजी संसाधनों या अन्य स्थानों का सहारा लेना पड़ रहा है। इससे बाजार में असुविधा के साथ स्वच्छता व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।
कुछ सालों से सुलभ शौचालय का रखरखाव न होने के चलते वहां गंदगी फैली रहती हैं। जिस कारण दुकानदारों को लघुशंका आदि के लिए अन्य जगह जाना पड़ता हैं। - अमित यादव, स्थानीय दुकानदार
सहसपुर बाजार के सुलभ शौचालय और उसके बाहर गंदगी फैली पड़ी हैं। जिसकी वजह से दुकानदार लघुशंका आदि के लिए वहां नहीं जा पा रहे। - मन्नवर, स्थानीय दुकानदार
सुलभ शौचालय की सफाई और रखरखाव के संबंध में संबंधित अधिकारियों से जानकारी ली जाएगी। यदि व्यवस्था में कमी है तो उसे दूर कराने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे, ताकि बाजार में आने वाले लोगों और दुकानदारों को परेशानी न हो। - अर्चना रावत, ब्लॉक प्रमुख, सहसपुर