ये संवेदना को झकझोर देने वाली पीड़ा मृतक वासु के माता-पिता की है। वासु की दो बहनें भी चिल्ड्रन होम अकादमी में ही हैं। एक नवीं और दूसरी 11वीं की छात्रा है। दोनों बहनें अपने भाई के साथ हुई घटना से इतनी सहमी हैं कि दोबारा स्कूल की ओर जाने की भी हिम्मत नहीं जुटा पा रही हैं।
दोषियों को हो उम्रकैद
वासु की मां ने फफकते हुए कहा कि जिसने भी मेरे लाल को मुझसे छीना है उसे उम्र कैद होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जैसे हम जिंदा रहते पीड़ा महसूस कर रहे हैं वैसे ही मासूम का कत्ल करने वाले भी तिल-तिल जिंदगी की घुटन का अहसास करें। उनका कहना है कि जो भी हुआ उसके बाद किसी ने उनकी मदद कर पहल नहीं की है।
बता दें कि 10 मार्च को अकादमी के 12वीं कक्षा के दो छात्रों ने बैट से वासु को बुरी तरह से पीट दिया था, जिसके कारण 11 मार्च को अस्पताल में वासु ने दम तोड़ दिया था। वासु के पिता अपनी पत्नी और तीन बेटियों के साथ मेरठ के एक कुष्ठ आश्रम में रहकर गुजारा करते हैं।
बच्चे से कोई शिकायत थी तो कह देते
पिता ने बताया कि स्कूल प्रबंधन और पुलिस की ओर से बताया जा रहा है कि बिस्कुट चोरी करने की सजा वासु को दी गई। यदि वासु से कोई शिकायत थी तो कह देते, वह खुद उसे स्कूल से निकाल लेते। सोचा था वासु पढ़ लिखकर अपने पांव पर खड़ा हो जाएगा। दोनों बेटियां भी वहीं पढ़ लिखकर शादी करने के बाद अपने घर चली जाएंगी तो वासु के सहारे अपनी जिंदगी काट लेंगे।