राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र में आयोजित बैठक में रूहेला ने अधिकारियों का दिए
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन सलाहकार समिति उपाध्यक्ष विनय रूहेला ने कहा कि सभी जिलों में संसाधनों की उपलब्धता, प्रशिक्षण, संचार व्यवस्था तथा अंतर-विभागीय समन्वय को प्राथमिकता के आधार पर मजबूत किया जाए। इसके अलावा मानक संचालन प्रक्रियाओं (एसओपी) का सख्ती से पालन किया जाए।
उपाध्यक्ष रूहेला ने यह निर्देश यूएसडीएमए स्थित राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र में आयोजित बैठक में अधिकारियों का दिए। उन्होंने कहा कि जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी (डीडीएमओ) आपदा प्रबंधन व्यवस्था की रीढ़ है। किसी भी आपदा की स्थिति में डीडीएमओ आगे आकर न केवल विभिन्न विभागों के बीच केवल समन्वय स्थापित करते हैं बल्कि प्रशासन, रेखीय विभागों व स्थानीय स्तर पर राहत एवं बचाव कार्यों का नेतृत्व भी करते हैं। बैठक में आपदा प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक प्रभावी, सुदृढ़ और व्यावहारिक बनाने को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। सचिव विनोद कुमार सुमन ने डीडीएमओ को आश्वस्त किया कि उनके द्वारा उठाई गई समस्याओं, सुझावों पर आपदा प्रबंधन विभाग उचित कार्रवाई करेगा। कहा कि राज्य सरकार आपदा प्रबंधन को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और फील्ड स्तर के अधिकारियों को हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा। बैठक में डीआईजी राजकुमार नेगी, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी (क्रियान्वयन) अभिषेक कुमार, वित्त नियंत्रक, मो. ओबैदुल्लाह अंसारी आदि मौजूद थे।