फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एसएसबी जवान ने सर्विस राइफल से गोली मारकर की आत्महत्या, शव लेकर टीम बिहार रवाना

Mon, 30 Dec 2019 08:46 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत)

सार

  • रात्रि गश्त से लौटने के दो घंटे बाद सुबह दिया घटना को अंजाम 
  • चंपावत जिले की चामीगाड़ी बीओपी में तैनात था अक्षौवर सिहं
विज्ञापन
जवान की मौत - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

नेपाल लगी सीमा में कलढुंगा के पास चामीगाड़ में एसएसबी (सीमा सशस्त्र बल) पंचम बटालियन की बीओपी में तैनात बिहार निवासी जवान ने रविवार सुबह सात बजे खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। जवान ने रात्रि गश्त से बीओपी में लौटने के दो घंटे बाद अपनी ही सर्विस इंसास राइफल से घटना को अंजाम दिया है।

विज्ञापन


 मौके पर पहुंचे पुलिस और एसएसबी के अधिकारियों ने घटना स्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव एसएसबी के सुपुर्द कर दिया है। आत्महत्या की वजह पता नहीं चल पाई है। एसएसबी की टीम शव लेकर बिहार के लिए रवाना हो गई। 

रविवार सुबह नेपाल से लगी सीमा पर स्थित एसएसबी की चामीगाड़ बीओपी में उस वक्त हड़कंप मच गया जब जवान अक्षौवर सिंह (32) ने बीओपी परिसर में ही सर्विस इंसास राइफल से खुद को गोली मार ली।
विज्ञापन


गोली की आवाज सुनते ही बीओपी में मौजूद जवान घटना स्थल की ओर दौड़े तो वहां जवान लहूलुहान हाल में मृत पड़ा था। जवानों ने उच्च अधिकारियों के साथ ही पुलिस को घटना की सूचना दी। 

विज्ञापन

तेरह दिन पहले ही छुट्टी बिताकर लौटा था अक्षौवर

कोतवाल धीरेंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची। एसएसबी कमांडेंट दामोदर प्रसाद मीना और असिस्टेंट कमांडेंट संतोष भी मौके पर पहुंचे और बीओपी में मौजूद जवानों से घटना के बारे में जानकारी ली।

कोतवाल धीरेंद्र कुमार ने बताया कि जवान अक्षौवर सिंह पुत्र देवव्रत सिंह बिहार के कैमूर जिले के ग्राम रमावतपुर जमपुरकाला का रहने वाला है। जवान ने आत्महत्या क्यों की इसका कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस ने शव का संयुक्त चिकित्सालय में पोस्टमार्टम कराने के बाद एसएसबी को सौंप दिया। असिस्टेंट कमांडेंट ने बताया कि जवान का शव सम्मान के साथ उसके घर बिहार के लिए रवाना कर दिया गया है। 

आत्महत्या करने वाला एसएसबी जवान अक्षौवर सिंह 2014 में एसएसबी में भर्ती हुआ था। साथी जवानों ने बताया कि उसके तीन बच्चे हैं। वह 16 दिसंबर को ही छुट्टी काटकर घर से ड्यूटी पर लौटा था। साथी जवानों के मुताबिक उन्होंने अक्षौवर सिंह को कभी तनाव की स्थिति में नहीं देखा। उसके इस आत्मघाती कदम से साथी जवान भी स्तब्ध हैं। 

घटना के वक्त बीओपी में मौजूद थे तीन और जवान 
जवान के आत्महत्या करने की घटना के वक्त चामीगाड़ बीओपी में अक्षौवर सिंह के अलावा तीन जवान मौजूद थे। बताया गया कि बीओपी का अन्य फोर्स इन दिनों जम्मू-कश्मीर में ड्यूटी पर जाने के चलते बीओपी में चार जवान ही तैनात थे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें