सूचना तंत्र मजबूत हो तो सीमा पर ही पकड़े जा सकते हैं तस्कर
नैनीताल पुलिस और एसओजी टीम अभी तक करीब चार किलो स्मैक पकड़ चुकी है जिसकी कीमत करोड़ों में आंकी जा रही है। एसएसपी के मुताबिक आधी से ज्यादा स्मैक बरेली की ओर से आने वाली थी। अधिकतर मादक पदार्थ तस्करों की धरपकड़ हल्द्वानी या फिर पर्वतीय क्षेत्रों में पकड़ी गई है। मादक पदार्थों के तस्कर दूसरे राज्यों से बहुत ही आसानी से राज्य की सीमा में प्रवेश कर जाते हैं। इसकी वजह है सूचना तंत्र की मजबूती कम होना। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक राज्य की सीमा पर ही तस्करों को पकड़ने के लिए उत्तराखंड के साथ-साथ उत्तर प्रदेश में भी पुख्ता सूचना तंत्र की जरूरत है। हालांकि उत्तराखंड में आने के बाद पुलिस माल की डिलीवरी से पहले ही तस्करों को पकड़ने में सक्रियता दिखाई दे रही है।
शुरुआती जांच और पूछताछ में कई बातें सामने आई हैं। पुलिस ने मजदूर बनकर रह रहे व्यक्ति की जानकारी जुटाना शुरू कर दी है। पुख्ता सुराग मिलने के बाद स्मैक विक्रेता और उसके बेटे के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। -पंकज भट्ट, एसएसपी नैनीताल, प्रभारी डीआईजी।