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सिपाही को दरोगा ने जड़ दिए थप्पड़ पर थप्पड़, सच पता चला तो मच गई खलबली

Wed, 27 Dec 2017 03:41 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, रुद्रपुर
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पुलिस - फोटो : Demo pic
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रोडवेज चालक से हुए झगड़े में घायल भाई की पैरवी के लिए सादी वर्दी में कोतवाली पहुंचना सिपाही पर भारी पड़ गया। सिपाही ने बातचीत के दौरान बस चालक को लात मारी तो पुलिस अधिकारी और दरोगा ने उसके कई थप्पड़ जड़ दिए।
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सिपाही होने का पता चलने पर पुलिस मामले की लीपापोती में जुट गई। आलाकमान तक शिकायत पहुंची तो दरोगा को लाइनहाजिर कर मामले की जांच बैठा दी गई है।

मंगलवार को काठगोदाम डिपो के चालक और यात्री के बीच मारपीट हो गई। दोनों पक्ष शिकायत लेकर कोतवाली पहुंचे थे। इनमें यात्री एक सिपाही का भाई था। दोनों पक्षों में तनातनी हुई तो यात्री के भाई सादी वर्दी में मौजूद सिपाही ने चालक को लात मारकर गिरा दिया। इससे हंगामा खड़ा हो गया।

इस बीच एसपी सिटी देवेंद्र पिंचा कोतवाली परिसर में मातहतों संग घटनाओं के खुलासे की समीक्षा कर रहे थे। शोरगुल सुनकर बैठक में मौजूद एक अधिकारी और आदर्श कालोनी चौकी इंचार्ज गणेश दत्त भट्ट मौके पर पहुंच गए।
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बताया जा रहा है कि अधिकारी ने सादी वर्दी में सिपाही को नहीं पहचाना और उसकी हरकत पर थप्पड़ जड़ दिया। इस बीच दरोगा ने भी उसे थप्पड़ जड़ दिया और सिपाही को धकियाकर कार्यालय में बैठा दिया गया। जब पुलिस अधिकारियों को पता चला कि थप्पड़ खाने वाला युवक ट्रांजिट कैंप थाने का सिपाही है तो वे मामले की लीपापोती में जुट गए।
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तो दरोगा पहचानता था सिपाही को!

पु‌लिस - फोटो : file photo
आनन-फानन में सीओ स्वतंत्र कुमार ने अपने कार्यालय में पुलिस अधिकारी, दरोगा और सिपाही के साथ बातचीत की। प्रथमदृष्टया गलती मिलने पर एसपी सिटी ने आदर्श कालोनी चौकी इंचार्ज गणेश दत्त भट्ट को लाइनहाजिर कर दिया।

मामले की जांच एसपी (अपराध) कमलेश उपाध्याय को सौंपी गई है। इधर, उक्त सिपाही ने बस चालक से मारपीट से इनकार किया है। एसपी सिटी देवेंद्र पिंचा ने बताया अनुशासनहीनता के आरोप में दरोगा गणेशभट्ट को लाइनहाजिर कर दिया गया है। इंस्पेक्टर और अन्य कर्मियों की भूमिका को लेकर जांच कराई जा रही है। जांच के बाद ही कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

कोतवाली में हुई घटना के बाद पुलिसकर्मियों में खासी नाराजगी देखी गई। बताया जा रहा है कि जिस दरोगा ने सिपाही को थप्पड़ जड़ा, वह उसे पहले से जानता था। दरोगा भी पहले उसके साथ सिपाही था, लेकिन अब पदोन्नति पाकर उपनिरीक्षक बन चुका है। सिपाही को इसी बात की ठेस पहुंची कि पहले से ही जानने वाले साथी ने उसके साथ गलत व्यवहार किया। घटना के बाद भी दोनों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई थी।
 
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पूर्व में हुई मारपीट को लेकर दिखाई सख्ती

पुलिस - फोटो : demo pic
पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल ने बीते 28 सितंबर को कोतवाली में धमकी देने के आरोपी के साथ मारपीट कर दी थी। मामले में कोतवाली पुलिस की लापरवाही को लेकर किरकिरी हुई थी और कप्तान की नाराजगी भी झेलनी पड़ी थी।

कप्तान ने ऐसी घटना की पुनरावृत्ति नहीं होने को लेकर भी सख्त ताकीद की था। मंगलवार को भी कोतवाली परिसर में दो पक्षों में तकरार हुई तो पुलिस अधिकारी मामले को रोकने पहुंच गए थे। उनकी कोशिश थी कि पूर्व जैसी घटना न हो, लेकिन सिपाही को समझाने के बजाय धैर्य खोकर थप्पड़ रसीदकर गलती कर बैठे। सिपाही ने भी कोतवाली में चालक को लात मारने और अपना परिचय न देने की गलती की।
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