उत्तरांचल विश्वविद्यालय और अदाणी सीमेंट के बीच शुक्रवार को एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इससे सतत बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में कौशल विकास, प्रशिक्षण और शोध को बढ़ावा मिलेगा। यह समझौता विवि के उत्तरांचल प्रौद्योगिकी संस्थान (यूआईटी) के सिविल इंजीनियरिंग विभाग की अगुवाई में संपन्न हुआ। इसका उद्देश्य छात्रों को शिक्षा के साथ उद्योग की वास्तविक जरूरतों से जोड़ते हुए उन्हें भविष्य के लिए तैयार करना है।
साझेदारी के तहत छात्रों को व्यावहारिक प्रशिक्षण, नेतृत्व विकास कार्यक्रमों और अदाणी सीमेंट के विशेषज्ञों के साथ संयुक्त शोध व विकास कार्यों में प्राथमिकता मिलेगी। इससे न केवल छात्रों के कौशल में वृद्धि होगी, बल्कि उन्हें उद्योग की जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जा सकेगा।विवि प्रशासन का कहना है कि यह पहल संस्थान को निर्माण सामग्री और सतत बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में एक अग्रणी शिक्षा-उद्योग मंच के रूप में स्थापित करेगी। इस मौके पर विवि के कुलाधिपति जितेंद्र जोशी, उपाध्यक्ष अंकिता जोशी, कुलपति प्रो. डॉ. धरम बुद्धि, कुलसचिव डॉ. अनुज कुमार राणा, यूआईटी निदेशक प्रो. डॉ. सुमित चौधरी, डॉ. गौरव ठाकुर, लोकनाथ कुमार, विवेक सैनी, पंकज रावत आदि मौजूद रहे।