फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sidharth Shukla Death: सिद्धार्थ के निधन से भावुक हुईं अभिनेत्री रूप दुर्गापाल, बोलीं- बड़ा भाई खो दिया

Fri, 03 Sep 2021 02:17 AM IST
अलका त्यागी दीपक सिंह नेगी, अमर उजाला, हल्द्वानी

सार

अल्मोड़ा प्रवास पर अपने घर आईं रूप ने बताया कि उन्होंने सिद के साथ बालिका वधू में तीन साल काम किया था। धारावाहिक में वह दोनों भाई-बहन थे। बकौल रूप, वह सिद्धार्थ को शिव भैया कहकर बुलातीं थी और वह उन्हें हमेशा सांची ही पुकारते थे।
विज्ञापन
सिद्धार्थ शुक्ला के साथ अभिनेत्री रूप दुर्गापाल - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बिग बॉस-13 के विजेता और अभिनेता सिद्धार्थ शुक्ला के निधन से हर कोई स्तब्ध है। इतनी कम उम्र में उनके अवसान से परिचित और प्रशंसक भी दुखी हैं। सिद्धार्थ शुक्ला के साथ काम कर चुकी अभिनेत्री रूप दुर्गापाल ने बताया कि सूचना मिलने पर विश्वास ही नहीं हुआ। सिद उनके लिए बड़े भाई जैसे थे और उनकी कमी हमेशा खलेगी। 

विज्ञापन


अल्मोड़ा प्रवास पर अपने घर आईं रूप ने बताया कि उन्होंने सिद के साथ बालिका वधू में तीन साल काम किया था। धारावाहिक में वह दोनों भाई-बहन थे। बकौल रूप, वह सिद्धार्थ को शिव भैया कहकर बुलातीं थी और वह उन्हें हमेशा सांची ही पुकारते थे। सेट पर वह सबसे छोटी थीं तो सिद्धार्थ उनके लिए हमेशा बड़े भाई की तरह ही प्रोटेक्टिव थे। रील लाइफ की तरह रियल लाइफ में भी सिद्धार्थ ने हमेशा बड़े भाई की तरह ख्याल रखा। वह हर रिश्ता दिल से निभाते थे। 

पहाड़ से था प्यार
रूप ने बताया कि बालिका वधू की शूटिंग के दौरान जब भी दोनों फ्री होते तो सिद्धार्थ उनसे अल्मोड़ा के बारे में पूछा करते थे। उन्हें पहाड़ और पहाड़ की नैसर्गिक सुंदरता बेहद पसंद थी और वह यहां के बारे में जानने के लिए उत्सुक रहते थे। रूप बताती हैं कि सिद्धार्थ एक बहुत अच्छे कलाकार थे। वह साथी कलाकारों को हमेशा बेहतर करने के लिए प्रोत्साहित करते थे। 
विज्ञापन


मिठाई का पूरा डब्बा मंगाया
रूप बताती हैं कि एक बार वह प्रमोशन के सिलसिले में वियतनाम गए थे। वहां उन्हें एक मिठाई बहुत पसंद आई, इस पर सिद्धार्थ ने कुछ मिठाई अपने पास रख लीं। पूछा गया कि ऐसा क्यों किया तो बोले ‘तुझे ये पसंद हैं न इसलिए’। बाद में सिद्धार्थ ने उनके लिए उस मिठाई का डब्बा मंगाया। रूप बताती हैं कि सिद्धार्थ से अक्सर बात हो जाती थी। जुलाई में वह बीमार पड़ीं सुरेखा जी से मिलने जाना चाहते थे लेकिन जा नहीं पाए। बीते साल सिद्धार्थ ने उन्हें ‘तुझसे है राबता’ में देखा तो फोन करके बधाई दी थी। कोरोना की वजह से उनसे मिलना नहीं हो पाया, इसका जीवन भर अफसोस रहेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें