उधर, ग्राम प्रधान फिरोज का कहना है कि उन्हें मंगलवार सुबह कुछ लोगों ने बच्चों के बारे में बताया था। बच्चों के अभिभावक उन्हें अपने साथ ले गए। वार्ड सदस्य नवाबगढ़ जाकिर ने बताया कि अभिभावकों ने बच्चों को पढ़ने के लिए शिक्षण संस्थान में छोड़ा था, जो रात को वहां से भागकर गंगभेवा बावड़ी आ गए थे।
शिक्षण संस्थान से भागे जिन बच्चों की बात की जा रही है, उन बच्चों के पिता नहीं हैं। वह अपने दादा के साथ रहते थे। सोमवार को बच्चों के दादा उन्हें शिक्षण संस्थान में छोड़कर आए थे। ताकि, वह वहां पढ़ाई कर सकें, लेकिन बच्चे रात में ही भाग गए। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि उन्हें वहां जंजीर से बांधकर रखा गया था। बच्चों को जंजीर से बांधकर रखने की वजह यह बताई जा रही है कि बच्चे शरारत करते थे। फिलहाल बच्चे अपने दादा के पास हैं।
-प्रमोद, एसआई बाजार चौकी