उत्तराखंड में लगातार गहराते जा रहे बिजली संकट का देहरादून पर बुरा असर पड़ा है। बेपटरी हुई बिजली आपूर्ति की व्यवस्था ने सात दिन से यहां के निवासियों को परेशान कर रखा है। अब औद्योगिक क्षेत्रों में हो रही अघोषित कटौती से इकाइयों का उत्पादन भी प्रभावित हुआ है।
बृहस्पतिवार को शहरवासियों को पूरे दिन परेशान होना पड़ा। देहराखास, पटेलनगर, कारगी समेत कई इलाकों में तो दिनभर में कुछ ही घंटे आपूर्ति हुई। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि कुल्हाल-झाझरा से आने वाली विद्युत लाइनें ट्रिप हुई थीं इस कारण अलग-अलग इलाकों में कटौती पर आपूर्ति की गई। दरअसल, दून में माजरा बिजलीघर पर कुल्हाल और झाझरा से विद्युत सप्लाई होती है। बिंदाल बिजलीघर को ऋषिकेश से बिजली दी जाती है। बृहस्पतिवार को ज्यादा गर्मी होने के कारण करीब 10 बजे माजरा-कुल्हाल वाली लाइन ट्रिप हो गई। इसके बाद यहां का लोड माजरा-झाझरा वाली लाइन पर आ गया। कुछ देर बाद यह लाइन भी ट्रिप हो गई। इससे आधे दून की बत्ती गुल हो गई। बाद में किसी तरह इन लाइनों को चलाया गया। उसके बाद 12 के आसपास बिंदाल से ऋषिकेश वाली लाइन भी ट्रिप हो गई। मजबूरन बिंदाल बिजलीघर को माजरा बिजलीघर से बिजली दी गई।
सूत्रों की मानें तो इन कुल्हाल, झाझरा लाइन के ट्रिप होने की समस्या के निस्तारण के लिए रास्ता निकाला गया। इसमें इन दोनों बिजलीघरों से मिलने वाले लोड को सीमित कर दिया गया जिसके चलते पूरे देहरादून में बृहस्पतिवार को पूरा दिन रोस्टिंग का खेल चलता रहा। -
ये इलाके हुए प्रभावित
बृहस्पतिवार को माजरा बिजली घर की बत्ती गुल होने से आशारोडी, रिस्पना पुल, सहारनपुर चौक, प्रेमनगर इलाका प्रभावित हो गया। इसके अलावा बिंदाल बिजलीघर से राजेंद्र नगर ,ईसी रोड, सचिवालय, परेडग्राउंड, पलटन बाजार, चकराता रोड, दिलाराम चौक सहित अन्य इलाकों की बत्ती गुल रही। इसके अलावा पटेलनगर, कारगी और देहराखास में भी लोगों को बिजली कटौती के कारण परेशानी उठानी पड़ी।
व्यापारियों ने जताई नाराजगी
प्रेम नगर में अनावश्यक बिजली कटौती से लोग परेशान है। प्रेम नगर व्यापार मंडल के प्रधान भूषण भाटिया, व्यापारी टोनी भाटिया, मनोज बहल, रवि भाटिया, अशोक वर्मा, विनोद कुमार, बॉबी भाटिया ने कहा कि दिन में कम बिजली चली जाए पता नहीं है। भारी गर्मी के बीच अनावश्यक बिजली कटौती से व्यापार पर असर पड़ रहा है। विद्युत विभाग के प्रति व्यापारियों में लगातार रोष बढ़ता जा रहा है। व्यापारियों ने विद्युत विभाग से मांग की है कि अनावश्यक बिजली कटौती रोकी जाए और कटौती करनी भी है तो उसकी समय सीमा निर्धारित कर व्यापारियों को पहले से ही सूचना दी जाए।
जितनी विद्युत आपूर्ति हमें मिल रही है और जितनी मांग है। दोनों में समन्वय स्थापित कर अधिक से अधिक समय तक विद्युत आपूर्ति के यथा संभव प्रयास किए जा रहे हैं। जहां कहीं तकनीकी दिक्कतें हैं, उन्हें भी दूर किया जा रहा है। -राहुल जैन, एसई दून
तापमान ज्यादा है और लाइनों पर लोड भी अधिक है। इस कारण लाइन का सैग बढ़ जा रहा है। इससे वह नीचे भवनों और यूपीसीएल की लाइनों के संपर्क में आने के कारण ट्रिप हो रही है। बृहस्पतिवार को तीन जगह से लाइनों को हटवाकर विद्युत आपूर्ति सुचारू की गई।
-पंकज कुमार, एसई पिटकुल
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बिजली संकट का समाधान नहीं कर पा रही सरकार
राजधानी में गहराते बिजली संकट से दूनवासियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। विपक्षी दलों के लोग सरकार पर निशाना साध रहे हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि राजधानी के हर क्षेत्र में बिजली संकट गहरा गया है। सरकार कोई भी समाधान नहीं निकाल पा रही है। घंटों की अघोषित बिजली कटौती से दूनवासियों को परेशान होना पड़ रहा है।