सीएम ने कीं ये घोषणाएं
जोखिम भत्ता : 11 हजार फीट या इससे अधिक की ऊंचाई पर रेस्क्यू अभियान चलाने वाले एसडीआरएफ के राजपत्रित अधिकारियों को 1500 रुपये और अराजपत्रित अधिकारियों व जवानों को एक हजार रुपये जोखिम भत्ता मिलेगा। यह अर्धसैनिक बलों की तर्ज पर देय होगा। फिलहाल केदारनाथ धाम में एसडीआरएफ के 12 अधिकारियों और जवानों की तैनाती है। इसके अलावा समय-समय पर उच्च हिमालयी क्षेत्रों में रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए जाना पड़ता है।
छठी कंपनी : अब एसडीआरएफ में छह कंपनियां हो जाएंगी। नई कंपनी का गठन जल्द किया जाएगा। इसमें एक तिहाई महिला कर्मचारियों की नियुक्ति की जाएगी।
प्रतिनियुक्ति अवधि : एसडीआरएफ में प्रतिनियुक्ति की समयावधि सात साल से बढ़ाकर 10 साल कर दी जाएगी।
एसडीआरएफ मुख्यालय में सुविधाएं
विश्व बैंक पोषित परियोजना के तहत जौलीग्रांट में एयरपोर्ट के पास 144 करोड़ रुपये की लागत से एसडीआरएफ का मुख्यालय और ट्रेनिंग सेंटर बनाया गया है। प्रथम चरण में तीन मंजिला एडमिन ब्लॉक में रिसेप्शन, कार्यालय, प्रशिक्षण ब्लॉक और पुस्तकालय, तीन मंजिला ट्रेनिंग ब्लॉक, डेमो रूम, कोर्स कॉडिनेटर, कंप्यूटर लैब, लेक्चर रूम, लाइब्रेरी की सुविधा है। इलेक्ट्रॉनिक चार्जिंग स्टेशन, गैराज और एक दर्जन से अधिक गाड़ियों के पार्किंग की व्यवस्था है। पुलिस और उनके परिजनों के लिए कैंटीन की सुविधा, फायर फाइटिंग सिस्टम, सोलर सिस्टम, फेंसिंग, वॉच टॉवर और आवासीय कॉलोनी है। पेट्रोल पंप भी है जो आम लोगों के लिए भी उपयोगी होगा।