पहाड़ों से लेकर मैदानों तक लगातार हो रही बारिश मुसीबत का सबब बन गई है। शुक्रवार को बागेश्वर जिले में एक छात्र समेत दो लोग गधेरों में बह गए तो मलबा आने से पिथौरागढ़-तवाघाट एनएच समेत कई सड़कें बंद हो गईं। नदियों के उफान पर आने से शक्तिफार्म इलाके में बाढ़ जैसे हालात हो गए।
उधर कोसी का पानी ढेला नदी में छोड़े जाने से काशीपुर में नदी तट पर रह रहे लोगों को रात छतों पर गुजारनी पड़ी। इधर नंधौर वैली में नंधौर और कैलाश नदी के बीच टापू में बृहस्पतिवार से फंसे 20 लोग शुक्रवार सुबह नदी का जलस्तर कम होने पर सकुशल निकाल लिए गए हैं।
वहीं मौसम विभाग की अगले 72 घंटों में पिथौरागढ़ समेत कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए नैनीताल, पिथौरागढ़, चंपावत, अल्मोड़ा और बागेश्वर जिलों में पांच अगस्त को कक्षा एक से 12 तक के सरकारी, गैर सरकारी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहेंगे। जिला अधिकारियों ने इस आशय के आदेश जारी किए हैं।