सोमवार को आश्रम में पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि देश के सामने इस समय कई चुनौतियां हैं। चुनाव का दौर चल रहा है और ऐसे दलों की सरकार आनी चाहिए, जो राष्ट्र की हित सोचे, समस्याओं का निराकरण कराए और विकास कार्य बाधित न होने दे।
उन्होंने कहा कि देश में सशक्त सरकार बननी चाहिए। अभी तक हुए मतदान के दौरान उम्मीद से कम वोट पड़ना भी उन्होंने चिंता का विषय बताया। कहा कि नगरीय क्षेत्रों में मतदाता उदासीन दिखता है।
पढ़े लिखे लोग, जब तक अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होकर आगे नहीं आएंगे राष्ट्र का भला नहीं हो सकता।मोदी सरकार के पांच साल के कार्यकाल के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि इस सरकार ने कई अच्छे कार्य किए हैं।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की प्रतिष्ठा बढ़ी है। सुरक्षा की दृष्टि से काफी अहम निर्णय लिए गए। आर्थिक दृष्टि से भी भारत उम्मीद के अनुरूप तो नहीं, लेकिन समृद्धि की ओर बढ़ा है। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 को लेकर भी सरकार ने काफी माहौल बनाया है। उन्होंने मोदी सरकार के कार्यों को सराहा। इस दौरान आरएसएस के क्षेत्रीय कार्यवाह शशिकांत भी मौजूद रहे।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने एक बार फिर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल की तारीफ करते हुए कहा है कि सामाजिक और धार्मिक सौहार्द के साथ साथ देश की प्रगति के लिए इस सरकार की वापसी जरूरी है। एक कार्यक्रम में संघ के नेता इंद्रेश कुमार ने कहा कि कांग्रेस हमेशा भारत की आजादी में अहम योगदान का दावा करती है लेकिन यह असत्य है।
उन्होंने कहा, कांग्रेस नहीं, बल्कि भगत सिंह जैसे महान नेताओं की बदौलत देश को आजादी मिली। उन्होंने ‘वोट फॉर नेशन’ जागरूकता अभियान को संबोधित करते हुए कहा कि नरेंद्र मोदी का 2019 में सत्ता में लौटना जरूरी है। उनकी वापसी सामाजिक और धार्मिक एकता के लिए जरूरी है। उन्होंने विपक्ष की आलोचना करते हुए कहा कि उनका गठबंधन देश को विभाजित करने वाला है। लोगों से वोट करने की अपील करते हुए संघ नेता ने कहा कि जनता को तय करना है कि वह किसे वोट देगी- विश्व को देश की ताकत बताने वाले को या जिसने सांप्रदायिक दंगे कराए और देश को विभाजित करने की राजनीति की।
राष्ट्रभक्तों की सरकार ही बना सकती है राम मंदिर : जोशी
संघ के सरकार्यवाह सुरेश राव भैयाजी जोशी ने कहा कि राष्ट्रभक्तों की सरकार ही राम मंदिर का निर्माण कर सकती है। उन्होंने भाजपा का नाम तो नहीं लिया, लेकिन कहा कि मौजूदा सरकार में शामिल दलों से ऐसी ही उम्मीद है। अन्य दलों की सोच तो हिंदू विरोधी है। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक मतदान करने की अपील की।