धस्माना के मुताबिक रिषु राणा को पार्टी ने सिंबल भी दे दिया है। शुक्रवार/ शनिवार रात तक कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह और नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश सहित अन्य नेताओं ने इस मामले को लेकर बातचीत की। रात एक बजे नाम फाइनल कर लिया गया था लेकिन इसकी घोषणा शनिवार दोपहर बाद की गई।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक नामांकन खारिज होने का डर ही था कि रातों रात पार्टी ने प्रत्याशी बदल दिया। नगर निगम एक्ट में हुए संशोधन के मुताबिक जमीन के विवाद में फंसे किसी व्यक्ति को या उसके परिवार को मेयर नहीं बनाया जा सकता। कांग्रेस को डर था कि इसी का सहारा लेकर यशपाल राणा की पत्नी का नामांकन कहीं खारिज न कर दिया जाए। इसके बाद भी कांग्रेस ने रुड़की नगर निगम में यशपाल राणा पर ही भरोसा करना बेहतर समझा।
अब भी सहज नहीं है पार्टी
रिषु राणा को सिंबल देने और पार्टी का अधिकृत प्रत्याशी घोषित करने के बाद भी पार्टी अभी तक सहज नहीं हो पाई है। कांग्रेस ने समर्थित करीब पांच नेताओं से भी नामांकन कराया है। पार्टी नेताओं के मुताबिक किसी वजह से कोई नामांकन खारिज होता है तो अन्य में किसी एक पर कांग्रेस दांव खेलेगी। एक पार्टी नेता के मुताबिक सत्ता पक्ष कांग्रेस प्रत्याशी का नामांकन खारिज करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगाए हुए है।