देहरादून में प्रोन्नति, एसीपी का लाभ दिए जाने सहित पांच सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलित रोडवेज कर्मचारियों ने मंगलवार को वर्कशॉप पर तालाबंदी की।
इस कारण न तो बसें बाहर निकल सकीं और न ही अंदर जा सकी। करीब एक घंटे तक तालाबंदी करने के बाद कर्मचारियों ने गेट खोले।
गुरुवार से अनशन
वहीं मांग पूरी न होने पर अब गुरुवार से क्रमिक अनशन शुरू करने के साथ ही उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
रोडवेज कर्मचारी संयुक्त परिषद के बैनर तले मंगलवार सुबह गांधी रोड स्थित मंडलीय प्रबंधक(संचालन) के कार्यालय पर बनाए धरना स्थल से निकलकर कर्मचारी हरिद्वार रोड स्थित रोडवेज वर्कशॉप पहुंचे।
सड़क पर लगी रही वाहनों की कतार
जहां उन्होंने वर्कशॉप के दोनों गेटों को बंद कर ताले लगा दिए। करीब एक घंटे तक वर्कशॉप के गेट बंद रहने से न तो यहां से बसें बाहर निकल सकीं और न ही अंदर जा सकीं। जिस कारण सड़क पर गाड़ियों की लाइन लग गई।
करीब एक घंटे बाद वर्कशॉप कर्मचारियों के समझाने पर कर्मचारी माने और उन्होंने गेट खोले। वहीं मंडलीय प्रबंधक(संचालन) के कार्यालय पर शाम तक धरना जारी रहा।
नहीं पहुंचे साहब
हालांकि शाम को मंडलीय प्रबंधक(संचालन) सीपी कपूर ने परिषद के पदाधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया था, लेकिन उनके न आने से नाराज कर्मचारियों ने अब उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
इस दौरान नरेंद्र कुमार लूथरा, विपिन बिजल्वाण, शिव नारायण तिवाड़ी, रामचंद्र रतूड़ी, प्रेम सिंह रावत, सतीश शर्मा, राजीव गुप्ता, कर्ण सिंह, राजेंद्र राणा आदि मौजूद थे।