लक्ष्मण झूला और राम झूला पुल की जांच की सर्वे रिपोर्ट में लोक निर्माण विभाग ने लक्ष्मण झूला पुल पर आवाजाही पूर्ण रूप से बंद करने और राम झूला पुल पर सीमित संख्या में आवाजाही करने सहित वाहनों के आवागमन पर पूर्णतया प्रतिबंध लगाने के लिए कहा था।
स्थानीय प्रशासन की लापरवाही यह रही कि उसने राम झूला पुल पर वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध ही नहीं लगाया, जिसका नतीजा शनिवार को सामने आया। पुल की भार वहन क्षमता 500 किलोग्राम प्रति स्क्वायर मीटर है।
लेकिन निर्माण के 34 साल बीत जाने के बाद आवाजाही बढ़ने से पुल की वहन क्षमता काफी कम हो गई है। इसकी जानकारी होते हुए भी प्रशासन और पुलिस ने राम झूला पुल पर बेतरतीब तरीके से आवाजाही चालू रखी।