पुश्ता क्षतिग्रस्त होने से पिछले दो माह से क्षतिग्रस्त पड़ी बिरही-निजमूला सड़क पर बृहस्पतिवार से छोटे वाहनों की आवाजाही सुचारु हो गई है। सड़क पर वाहनों की आवाजाही शुरू होने से निजमूला घाटी के लगभग 15 गांवों के ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। यहां अभी भी पहाड़ी से खतरा बना हुआ है। बारिश होने पर पहाड़ी से मलबा और बोल्डर के सड़क पर आने की आशंका बनी हुई है।
27 जुलाई को भारी बारिश के दौरान गाड़ी गांव के समीप निजमूला सड़क पर करीब 30 मीटर पुश्ता क्षतिग्रस्त हो गया था। जिससे यहां वाहनों की आवाजाही ठप हो गई थी। ग्रामीण रोजमर्रा के कार्यों के लिए लंबी दूरी तक पैदल आवाजाही करने को मजबूर हो गए थे। लोक निर्माण विभाग की ओर से हिल कटिंग करने के साथ ही पुश्ता निर्माण कार्य शुरू किया गया। अब सड़क को छोटे वाहनों की आवाजाही के लिए सुचारु कर दिया गया है।
बदरीनाथ विधायक के प्रतिनिधि मोहन सिंह नेगी ने बताया कि निजमूला सड़क गाड़ी गांव के समीप सुचारु हो गई है। गौणा गांव के समीप भेलताला गदेरे में क्षतिग्रस्त मोटर पुल की अभी तक मरम्मत न होने से यहां वाहनों की आवाजाही में दिक्कतें हो रही हैं। ग्रामीण यहां पर वाहनों के बजाय पैदल आवाजाही कर रहे हैं। इधर, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदकिशोर जोशी ने बताया कि निजमूला सड़क को वाहनों की आवाजाही के लिए सुचारु कर दिया गया है।