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देहरादूनः बारिश में भी डटे जनरल ओबीसी कर्मचारी, श्रीनगर में रोकी वनमंत्री हरक सिंह रावत की फ्लीट

Sat, 07 Mar 2020 08:13 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष के खिलाफ केस दर्ज कराने के प्रयासों को षड्यंत्र करार दिया
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बारिश भी जनरल ओबीसी कर्मचारियों को नहीं रोक पाई। मौसम खराब होने के बावजूद कर्मचारी बड़ी संख्या में बेमियादी हड़ताल पर रहे। वहीं श्रीनगर में हड़ताली कर्मियों ने वन मंत्री की फ्लीट रोक दी। पुलिस और कर्मियों की नोंक-झोंक भी हुई। 

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पदोन्नति में आरक्षण के खिलाफ आंदोलनरत जनरल ओबीसी इंप्लाइज एसोसिएशन के सदस्यों व कर्मचारियों ने कोटद्वार जा रहे कैबिनेट मंत्री डा. हरक सिंह रावत का घेराव किया। आक्रोशित कर्मचारियों ने ‘जो सरकार निकम्मी है, वह सरकार बदलनी है’ जैसे नारे लगाते हुए लगभग आधे घंटे तक हरक सिंह के काफिले को रोके रखा। पुलिस ने बड़ी मशक्कत कर कर्मचारियों को रास्ते से हटाया, जिसके बाद मंत्री का काफिला आगे बढ़ पाया। 

शनिवार को जनरल ओबीसी इंप्लाइज एसोसिएशन ने कटकेश्वर महादेव घसिया महादेव का आशीर्वाद लेकर शहर में बाइक रैली निकाली। महंत महेश गिरि ने आंदोलनकारियों को शुभकामनाएं देकर रैली को रवाना किया। कर्मचारियों की रैली पौड़ी-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर अपर भक्तियाना से गुजर रही थी। इसी दौरान अपने गांव गहड़ से कोटद्वार की ओर जा रहे वन मंत्री हरक सिंह का काफिला भी आ गया। कर्मचारियों ने अपने वाहन मंत्री के वाहन के काफिले के आगे खड़े कर दिए, जिससे मंत्री का काफिला फंस गया। पुलिस ने वाहन हटाकर मार्ग खोला, तो कर्मचारी काफिले के आगे बैठ गए।
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लगभग आधा घंटे तक कर्मचारियों और पुलिस की जोर आजमाइश चलती रही। इसी बीच हरक सिंह ने कार का शीशा नीचे कर कर्मचारियों से पल्ला छुड़ाते हुए कहा कि वह उस समिति के सदस्य नहीं है, जिसमें यह निर्णय लिया जाना है। इस विषय में समिति के सदस्य सुबोध उनियाल ही कुछ कह पाएंगे। काफी देर तक चले हंगामे के बीच पुलिस ने मंत्री का वाहन किसी तरह से मौके से निकाला।  रैली में सुदेश जुगरान, श्रीकृष्ण उनियाल, मनोज भंडारी, राकेश रावत, राकेश सेमवाल, प्रदीप सेमवाल, आलोक उनियाल, उर्मिला, सरस्वती, गौरी, अनीता, हिमानी, आरती, रोशनी, कमला, विमला, सरिता, सुशीला, सुमन, संगीता और पूजा नेगी आदि शामिल थे।  

होली नहीं मनाएंगे जनरल ओबीसी कर्मचारी 

प्रमोशन में आरक्षण समाप्त करने की मांग पर अमल न होने से नाराज जनरल ओबीसी कर्मचारियों का शनिवार को गुस्सा फूट पड़ा। गुस्साएं कर्मचारियों ने सचिवालय के नजदीक वेडिंग प्वाइंट में प्रदर्शन किया। यहां हुई जनसभा में कर्मचारियों ने कहा कि कर्मचारी होली का त्योहार नहीं मनाएंगे। वही हड़ताल तब तक समाप्त नहीं होगी। जब तक प्रमोशन में आरक्षण न दिए जाने का शासनादेश जारी नहीं होता। चाहे इसके लिए उन्हें कितनी भी बड़ी कुर्बानी क्यों न देनी पड़े।
 
जनरल ओबीसी कर्मचारियों ने कहा कि कर्मचारी न्यायालय के निर्णय का पालन चाहते हैं। प्रदेश सरकार इस मामले में जीओ जारी न कर उनके हितों की अनदेखी कर रही है। शनिवार को आंदोलन में शिक्षा और अभियंत्रण विभाग के अधिकारियों भी शामिल हुए। वहीं क्षत्रिय सभा जसपुर ऊधमसिंह नगर और ब्राह्मण एकता संघ ने भी आंदोलन को अपना समर्थन दिया। शनिवार का दिन अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिला आंदोलनकारियों को समर्पित रहा।

धरना स्थल पर आयोजित सभा की अध्यक्षता निशा शर्मा बड़ोनी और संचालन अंजू बडोला व रीता कौल ने संयुक्त रूप से किया। महिलाओं के सम्मान में कविताएं एवं गीत प्रस्तुत किए गए। नीता भंडारी ने कहा कि हमने हर हाल में जीने की कसम खाई है, जेपी मैखुरी व रामेश्वर प्रसाद ने मां दुर्गा स्तुति से महिलाओं की महानता के बारे में बताया। सचिवालय संघ की सुधा नेगी ने तू कितनी अच्छी है गीत प्रस्तुत किया। 

हड़ताल समाप्त करने के लिए दाखिल याचिका को बताया साजिश 

कर्मचारियों ने कहा कि एक साजिश के तहत हड़ताल को समाप्त कराने के लिए हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कराई गई है। सरकार सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन नहीं करा पा रही है। ऐसे में यदि आंदोलनकारियों के खिलाफ हाईकोर्ट से कोई निर्णय आया तो उसे कैसे लागू कराया जाएगा। कर्मचारियों ने कहा कि किसी भी स्थिति में अब कर्मचारी हड़ताल से पीछे हटने वाले नहीं हैं। धरना स्थल पर कर्मचारियों ने निर्णय लिया कि आठ से दस मार्च तक अवकाश होने की वजह से धरना स्थगित रहेगा। एसोसिएशन के सचल दस्ते सरकारी कार्यालयों पर निगरानी बनाए रखेंगे।

चिपको आंदोलन की नेत्री गौरा देवी और वीरांगना तीलू रौतेली को किया याद 

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर कर्मचारियों ने चिपको आंदोलन की नेत्री गौरा देवी और वीरांगना तीलू रौतेली को याद किया। इसके अलावा राज्य आंदोलनकारी महिलाओं को भी याद किया गया। कर्मचारियों ने कहा कि अलग राज्य गठन में मातृ शक्ति का अहम योगदान रहा है। धरना स्थल पर आयोजित सभा में कर्मचारियों ने कहा कि प्रांतीय अध्यक्ष दीपक जोशी के खिलाफ एक वर्ग विशेष द्वारा किसी तरह की कोई कार्रवाई की गई तो कर्मचारी जेल भर देेंगे। जोशी किसी वर्ग विशेष नहीं बल्कि अनारक्षित वर्ग के कर्मचारियों के हितों की लड़ाई लड़ रहे हैं। 
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कोषागार कर्मचारियों के हड़ताल में शामिल होने की घोषणा 

कोषागार संघ के प्रांतीय अध्यक्ष पीसी सैनी ने कोषागार कर्मचारियों के हड़ताल में शामिल होने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि कर्मचारी आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। वही राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष ठाकुर प्रह्लाद सिंह ने महिला कर्मचारियों की समस्याओं को उठाया। धरना स्थल पर विभाग से रिटायर हो रही एवं आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने वाली महिला कर्मचारियों को सम्मानित किया गया। कर्मचारियों ने जानकी देवी, मनोरमा शर्मा, हरभजन कौर, राजेश्वरी परमार, सुधा नेगी, रीता कौल, अंजू बडोला, शैलजा को सम्मानित किया। 

धरना देने वालों में ये रहे शामिल 

देहरादून। पंचायतीराज विभाग के सोहन सिंह, पीसी सैनी, शक्ति प्रसाद भट्ट, आशा भंडारी, सचिवालय संघ के महासचिव राकेश भंडारी, पर्वतीय कर्मचारी शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष प्रताप सिंह पंवार, महामंत्री पंचम सिंह बिष्ट, कमलेश खंडूरी, पूर्णानंद नौटियाल, मुकेश ध्यानी, आशुतोष सेमवाल, डीएस असवाल, दीपक पुरोहित, अरुण पांडे, विक्रम सिंह रावत, वासुदेव कुकरेती, प्रीति थपलियाल, नरेंद्र भट्ट, प्रांतीय अध्यक्ष दीपक जोशी, सोनाली वर्मा, शैलेंद्र सिंह चौहान, भावना बिष्ट, गरिमा पुनेठा, डा.नारायण सिंह, सूर्य प्रकाश, दीपक कंडारी, आशा नेगी, सुनील थपलियाल, बृजमोहन बिजल्वाण, वीके धस्माना, भूपेंद्र, विक्रम सिंह नेगी व बबीता आदि मौजूद रहे। 

मंत्री और मुख्यमंत्री के आवास का करेंगे घेराव 

प्रमोशन में आरक्षण खत्म करने का जीओ न होने से नाराज बेमियादी हड़ताल पर गए जनरल ओबीसी कर्मचारियों ने अब मंत्री और मुख्यमंत्री आवास घेराव का ऐलान किया है। संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष दीपक जोशी के मुताबिक इस पर रणनीति के लिए आज तहसील चौक पर कर्मचारियों की बैठक होगी। जनरल ओबीसी कर्मचारी एसोसिएशन के प्रांतीय अध्यक्ष ने कहा कि सरकार एक साजिश के तहत आंदोलन को तोड़ने का प्रयास कर रही है। आरोप लगाया कि सरकार के इशारे पर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई है। लेकिन कर्मचारी अब पीछे हटने को तैयार नहीं हैं।

चाहे इसके लिए उन्हें किसी भी स्थिति का सामना करना पड़े। एसोसिएशन के अध्यक्ष ने कहा कि कर्मचारी अब भाजपा के प्रदेश कार्यालय, मंत्रियों और मुख्यमंत्री के आवास का घेराव करेंगे। बैठक में इस पर रणनीति बनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि गैरसैंण विधानसभा सत्र में विधायक महेंद्र भट्ट, गणेश जोशी व उमेश शर्मा काऊ के जनरल ओबीसी कर्मचारियों के पक्ष में बोलने पर उनका आभार जताया है। वही अन्य विधायकों की चुप्पी से कर्मचारियों में नाराजगी है।  
 
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