रणजी ट्रॉफी के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में उत्तराखंड ने चैंपियन विदर्भ के खिलाफ ठोस शुरूआत की है। पहले दिन मंगलवार को उत्तराखंड ने छह विकेट खोकर 293 रन बनाए। अंडर-19 टीम से पहली बार रणजी ट्रॉफी टीम में शामिल किए गए अवनीश सुधा ने शानदार 91 रनों की पारी खेली। हालांकि वह दुर्भाग्यशाली रहे और अपने पहले ही मुकाबले में शतक जमाने से चूक गए। वैभव और सौरभ ने भी अर्द्धशतकीय पारी खेली।
मंगलवार को नागपुर के जमाथा क्रिकेट स्टेडियम में पिछले सत्र की रणजी ट्रॉफी विजेता विदर्भ की टीम ने टॉस जीतकर उत्तराखंड को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। उत्तराखंड की शुरूआत खराब रही और कप्तानी कर रहे विनीत सक्सेना पहले ही ओवर में पांच रन बनाकर पवेलियन लौट गए। इसके बाद बल्लेबाजी करने उतरे वैभव भट्ट भी जल्द ही पांच रन बनाकर आउट हो गए।
दूसरे ओपनर करणवीर कौशल एक बार फिर बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे 31 रन बनाकर आउट हो गए। 44 रन पर तीन विकेट खोकर संघर्ष कर रही टीम को यहां से अवनीश सुधा और वैभव ने संभाला। दोनों ने अपने-अपने अर्द्धशतक पूरे करते हुए चौथे विकेट के लिए 140 रन जोड़े। 184 के स्कोर पर वैभव 67 रन बनाकर आउट हो गए। इसके बाद अवनीश ने सौरभ रावत के साथ 48 रनों की साझेदारी की।
कूच विहार ट्रॉफी में शानदार तीसरा शतक जड़ चुके अवनीश के पास पहले ही रणजी मुकाबले में भी शतक जमाने का मौका था। हालांकि वह चूक गए और 191 गेंदों में 91 रन बनाकर पवेलियन लौटे। सौरभ ने आलराउंडर मलोलन रंगराजन के साथ 60 रनों की साझेदारी निभाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। दिन का खेल खत्म होने पर सौरभ रावत 60 और मयंक मिश्रा एक रन बनाकर नाबाद लौटे। विदर्भ के लिए गुरबाणी, उमेश यादव और वाखारे ने 2-2 विकेट चटकाए।