सामूहिक दुष्कर्म प्रकरण में उत्तराखंड परिवहन निगम के नियमित परिचालक राजेश सोनकर को निलंबित कर दिया गया। वहीं वारदात में नामजद विशेष श्रेणी परिचालक देवेंद्र कुमार व विशेष श्रेणी चालक राजपाल सिंह को अभी निलंबित नहीं किया जा सका है। इनको निलंबित करने की राह में नियमों का रोड़ा आ गया है।
दरअसल यह दोनों परिवहन निगम के विशेष श्रेणी कर्मचारी हैं। बताया गया कि पहले यह किसी सेवा प्रदाता कंपनी के माध्यम से रखे गए। इसके बाद में इन्हें विशेष श्रेणी कर्मचारी बनाया गया। विशेष श्रेणी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए अलग नियम परिवहन निगम में है। बताया गया कि किसी भी आरोप में पहले इन्हें रूट आफ (कार्य से हटाया) किया जाता है, इसके बाद इनके आरोपों की जांच की जाती है। जांच के लिए निगम से कमेटी बनती है। कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर निलंबित करने की कार्रवाई की जाती है। जब तक कमेटी का गठन व जांच रिपोर्ट नहीं आ जाती, यह दोनों निलंबित नहीं होंगे। वहीं अनुबंधित बस के चालक धर्मेंद्र कुमार, रवि कुमार व हेल्पर संदीप कुमार को तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है।