नदियों में सिल्ट (गाद) आने से राज्य के जल विद्युत गृहों में विद्युत उत्पादन लगातार घट रहा है। गाद ने टरबाइनों की गति पर रोक लगा दी है। इससे प्रदेश में कई जगह बिजली कटौती होने लगी है।
शुक्रवार को उत्तराखंड जल विद्युत निगम लिमिटेड (यूजेवीएनएल) के जल विद्युत गृहों से एक करोड़ 61 लाख 90 हजार यूनिट बिजली मिली थी। शनिवार को यह ग्राफ महज 86 लाख 30 हजार यूनिट पर पहुंच गया। जबकि शनिवार को राज्य की विद्युत मांग तीन करोड़ 33 लाख 50 हजार यूनिट रही।
बिजली की कुल उपलब्धता केंद्रीय पुल और अन्य स्रोतों को मिलाकर 3.11 करोड़ यूनिट रही। पहाड़ी क्षेत्रों में अत्यधिक बरसात में सिल्ट आने से बंद हुए यूजेवीएनएल के मनेरी भाली-प्रथम (90 मेगावाट) और मनेरी भाली-द्वितीय (304 मेगावाट) से शनिवार शाम चार बजे से विद्युत उत्पादन शुरू हो गया।
चीला (144 मेगावाट) जल विद्युत गृह में भारी मात्रा में सिल्ट आने से विद्युत उत्पादन नहीं हुआ। यूजेवीएनएल का कालागढ़ (198 मेगावाट) जल विद्युत गृह पहले से बंद चल रहा है।
यहां हुई कटौती
ऊधमसिंह नगर जिले के ग्रामीण क्षेत्र : दो घंटे
नान कंटीनियस इंडस्ट्री ज्वालापुर: तीन घंटे
नान कंटीनियस इंडस्ट्री कोटद्वार : तीन घंटे
नान कंटीनियस इंडस्ट्री ढकरानी : तीन घंटे
नान कंटीनियस इंडस्ट्री ऋषिकेश : तीन घंटे