आढ़त बाजार में लोगों को जाम से निजात दिलाने की कवायद तेज हो गई है। भंडारी बाग से रेसकोर्स तक रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी) मार्च-2021 तक बनकर तैयार होने की संभावना है। 710 मीटर लंबे इस आरओबी के लिए सरकार ने 55 करोड़ रुपये स्वीकृत कर दिए हैं। जल्द ही शिलान्यास कराकर इस पर निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
शनिवार को मेयर सुनील उनियाल गामा और लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) के अधिकारियों ने भंडारी बाग में निर्माण स्थल का मुआयना किया। इससे पहले लोनिवि निर्माण खंड ने यहां अंडर पास बनाने की योजना पर काम शुरू किया था, जिसे बाद में रोक दिया गया और आरओबी की कवायद शुरू हुई। पिछले दिनों सरकार ने यहां पर 10 हजार वर्गमीटर से अधिक भूमि का अधिग्रहण करने की अनुमति दी। मोहकमपुर फ्लाईओवर के उद्घाटन के समय मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी इसकी घोषणा की थी।
शनिवार को मुख्य अभियंता लोनिवि हरिओम शर्मा ने बताया कि शासन ने आरओबी निर्माण की स्वीकृति दे दी है। ईपीआईएल के पास बल्लीवाला फ्लाईओवर निर्माण के दौरान कुछ बजट बचा है, जिससे इसी से इसका काम भी कराया जाएगा। शर्मा ने बताया कि इस आरओबी को लेकर प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार हो चुकी है। इस दौरान मेयर ने अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। मेयर ने बताया कि आरओबी निर्माण के काम के लिए विस्थापन की स्थिति नगण्य है। लिहाजा, इसका काम निर्धारित समय में ही पूरा होने की पूरी संभावना है।
सहारनपुर रोड पर कम होगा यातायात का दबाव
इस आरओबी के बनने के बाद सबसे बड़ा असर सहारनपुर रोड के यातायात पर पड़ेगा। यहां आए दिन जाम से जूझते लोगों को राहत मिलेगी। कारगी, भंडारी बाग, पटेलनगर आदि इलाकों के स्थानीय लोग इससे प्रत्यक्ष रूप से लाभान्वित होंगे। कारगी की ओर से आने वाले वाहन लाल पुल न जाकर सीधे भंडारी बाग चौक से फ्लाईओवर के लिए जा सकेंगे।
अधिकतम छह माह बढ़ाया जा सकता है वक्त
आरओबी के निर्माण के लिए रेसकोर्स की ओर 4812 वर्गमीटर और भंडारी बाग की ओर से 5436 वर्गमीटर भूमि अधिग्रहण की जानी है। इस सब प्रक्रिया में यदि ज्यादा समय लगा तो निर्माण कार्य की अवधि को बढ़ाया जा सकता है। लेकिन, यह सिर्फ छह महीने के लिए ही बढ़ सकती है। यानी निर्माण कार्य कम से कम 18 माह में और ज्यादा से ज्यादा 24 माह में तैयार होगा।