शहर मुफ्ती सलीम अहमद कासमी ने कुरान की अजमत बयान की और लोगों से कुरान की शिक्षा पर अमल करने की अपील की। उन्होंने कहा कि कुरान की शिक्षा पर अमल करने से ही इंसान को दुनिया और आखिरत में कामयाबी मिलेगी।
प्रदर्शनी में लोगों को पैगंबर हजरत मुहम्मद साहब के जन्मस्थान व उनके घर, उनके साधना स्थल समेत मदीना के महत्वपूर्ण स्थलों को चित्र के रूप में देखने का मौका मिला। मक्का व मदीना की ऐतिहासिक मस्जिदों के चित्र देखकर सभी प्रफुल्लित हो गए।
पवित्र काबा के भीतर की दुर्लभ तस्वीरें लोगों को दंग कर गई। तैफ की घाटी, हीरा गुफा के चित्र भी आकर्षण के केंद्र थे। आबे जम जम के पवित्र जल का चित्र देखकर लोगों का मस्तक आदर से झुक गया। हाथों से लिखी कुरान ए पाक, तमाम उत्पादों में लिखी कुरान की आयतें, हाथों से लिखी कुरान, डा. एस फारूख के छह पुरखों के घर में सहेज कर रखी कुरान, पचास से अधिक भाषा में रखी पवित्र कुरान ने लोगों को अपनी ओर खींचा।
इस दौरान ब्रिगेडियर केजी बहल, आर बख्शी, डा. एम अंसारी, डा. अरुण कुमार, स्वास्थ्य विभाग के रिटायर्ड महानिदेशक डा. वाईएस पाल, मौलाना अल्ताफ हुसैन, मौलाना वसीउल्लाह, जहांगीर अहमद, सैय्यद हारून अहमद, फर्रूख अहमद, सैय्यद फैसल अहमद, सैय्यद यासर आदि मौजूद रहे।