- मुख्यमंत्री ने राजस्व लोक अदालत का किया शुभारंभ
- 13 जिलों के 210 स्थानों पर एक साथ राजस्व लोक अदालत का हुआ आयोजन
अमर उजाला ब्यूरो
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश में राजस्व लोक अदालत का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि न्याय व्यवस्था को अधिक सरल, सुलभ व प्रभावी बनाते हुए लोगों को समयबद्ध न्याय उपलब्ध कराना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। यह पहल न्याय सुलभता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का यह प्रयास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मंत्र की भावना का विस्तार है। उन्होंने कहा कि राजस्व लोक अदालत का आयोजन वर्षों से लंबित राजस्व विवादों के त्वरित समाधान के लिए किया गया है। वर्तमान में प्रदेश में 400 से अधिक राजस्व न्यायालय हैं, इनमें लगभग 50 हजार से अधिक प्रकरण लंबित हैं। इन समस्याओं के समाधान के लिए राज्य सरकार ने सरलीकरण, समाधान, निस्तारीकरण एवं संतुष्टि के मूल मंत्र के साथ ‘राजस्व लोक अदालत’ की पहल की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘न्याय आपके द्वार’ की अवधारणा को साकार करते हुए प्रदेश के सभी 13 जनपदों में 210 स्थानों पर एक साथ राजस्व लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें लगभग 6,933 मामलों का त्वरित निस्तारण किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस पहल के तहत भूमि विवादों के अतिरिक्त आबकारी, खाद्य, स्टाम्प, सरफेसी एक्ट, गुंडा एक्ट, सीआरपीसी, विद्युत अधिनियम, वरिष्ठ नागरिक अधिनियम एवं रेंट कंट्रोल एक्ट से संबंधित मामलों का भी समयबद्ध निस्तारण किया जाएगा।
विवादित भूमि की पैमाइश के मामले में एक महीने में कार्रवाई करें
मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अविवादित विरासत के मामलों में भू-स्वामी की मृत्यु के पश्चात निर्धारित समय सीमा के भीतर नामांतरण सुनिश्चित किया जाए। मृतक की तेहरवीं/पीपलपानी तक वारिसों के नाम नामांतरण की प्रक्रिया पूरी कर नई खतौनी परिवार को उपलब्ध कराई जाए। साथ ही, उन्होंने विवादित भूमि की पैमाइश एवं कब्जों से संबंधित मामलों को एक माह के भीतर निस्तारित किया जाए। वर्चुअल माध्यम से बैठक में उपस्थित मुख्य सचिव आनंद बर्धन ने कहा कि भूमि से जुड़े हुए विवादों को प्राथमिकता से लेते हुए सभी लंबित प्रकरणों को निस्तारित किया जाएगा। मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारी को सभी राजस्व वाद को अगले एक माह में प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करें।
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राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली को ऑनलाइन
देहरादून। सीएम धामी ने कहा कि प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल एवं पारदर्शी बनाने के लिए लगातार कार्य कर रही है। राजस्व न्यायालयों की कार्यप्रणाली को ऑनलाइन करते हुए रेवन्यू कोर्ट केस मैनेजमेंट सिस्टम पोर्टल विकसित किया गया है, जिसके माध्यम से नागरिक घर बैठे अपने प्रकरण दर्ज कर सकते हैं।