नवाबगढ़ स्थित उप जिला अस्पताल के शव विच्छेदन गृह का भवन लंबे समय से जर्जर हालत में है। भवन के खिड़की-दरवाजे टूटे हैं और परिसर में जगह-जगह झाड़ियां उगी हैं। नियमित सफाई नहीं होने से गंदगी के ढेर लगे हैं। संवेदनशील स्थल की यह स्थिति व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर रही है।
शव विच्छेदन गृह के सामने जंगल भी है। ऐसे में रात के समय यहां जंगली जानवरों के पहुंचने की आशंका बनी रहती है। क्षेत्र में दुर्घटना होने पर कई बार शव रात के समय शव विच्छेदन गृह लाए जाते हैं। रात होने के कारण उनका पोस्टमार्टम अगले दिन सुबह किया जाता है। इस दौरान शव विच्छेदन गृह की सुरक्षा और परिसर की स्थिति को लेकर चिंता बनी रहती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शव विच्छेदन गृह जैसे संवेदनशील स्थल की नियमित सफाई के साथ भवन की मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रताप सिंह ने बताया कि शव विच्छेदन गृह की मरम्मत और साफ-सफाई से संबंधित जो भी आवश्यक कार्य हैं, उन्हें कराया जाएगा। रात में शव आने की स्थिति में सुरक्षा व्यवस्था का भी ध्यान रखा जाएगा।