नवंबर में होनी है बैठक
नवंबर में डीजीपी चुनने के लिए यूपीएससी में बैठक होगी। इसमें अध्यक्ष यूपीएससी के चेयरमैन होंगे। जबकि, चार मेंबर होंगे। इनमें भारत सरकार के गृह सचिव, उत्तराखंड के मुख्य सचिव, उत्तराखंड के डीजीपी और किसी एक सेंट्रल ऑर्म्ड फोर्स के डीजी। सेंट्रल ऑर्म्ड फोर्स के डीजी का नाम केंद्रीय गृह विभाग ही नामित करेगा।
तीनों अधिकारी एक नजर में
एडीजी दीपम सेठ : बैच 1995 के अधिकारी हैं। दीपम सेठ उत्तराखंड में कई जिलों के कप्तान रह चुके हैं। वह गढ़वाल रेंज प्रभारी भी रहे हैं। पुलिस मुख्यालय में उनके पास आईजी लॉ एंड ऑर्डर का चार्ज भी रहा था। शासन में भी वह अपर सचिव गृह के पद पर रहे हैं। राज्य गठन से पहले वह उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। सेठ को इसी वर्ष अप्रैल में आईआईटी रुड़की से डॉक्टरेट की उपाधि मिली थी। वर्तमान में एडीजी स्थापना आईटीबीपी में प्रतिनियुक्ति पर हैं।
एडीजी पीवीके प्रसाद: बैच 1995 के अधिकारी हैं। वर्तमान में एडीजी पीएसी हैं। आईपीएस पीवीके प्रसाद देहरादून समेत कई जिलों में कप्तान रहे हैं। वह वर्ष 2014 में पहले आईपीएस आईजी जेल बने थे। इसके बाद वह आईजी इंटेलीजेंस रहे और वर्तमान में एडीजी पीएसी का पदभार संभाले हुए हैं।
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एडीजी अभिनव कुमार: 1995 बैच के अधिकारी हैं। वर्तमान में मुख्यमंत्री के विशेष सचिव और एडीजी सिक्योरिटी एंड इंटेलीजेंस हैं। अभिनव कुमार भी हरिद्वार, देहरादून जैसे जिलों के कप्तान रहे हैं। इसके अलावा वह आईटीबीपी में भी प्रतिनियुक्ति पर रहे थे। अभिनव कुमार आईजी गढ़वाल रेंज के पद भी रहे थे। वर्तमान में उनके पास मुख्यमंत्री के विशेष सचिव का भी जिम्मा है।