एप भी बनेगा, लोग कर सकेंगे उपयोग
इस सॉफ्टवेयर के आधार पर एक एप भी तैयार किया जाएगा। इसे आम जनता भी उपयोग कर सकेगी। इससे वास्तविक समय में वैकल्पिक मार्गों के लिए उन्हें नोटिफिकेशन भी मिलेंगे, ताकि यहां आने वाले लोग अत्यधिक भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों से बच सकें और यात्रा का समय कम हो सके। यातायात का दबाव भी इससे घट जाएगा। यही नहीं यह पार्किंग की उपलब्धता को भी यात्रियों को बताएगा। सड़क पर बाधाओं का आंकड़ा भी एप पर मौजूद होगा।
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चारधाम यात्रा में होगा बेहतर प्रयोग
निदेशक ने बताया, हर वर्ष लाखों श्रद्धालु आते हैं। इससे मार्गों पर यातायात का दबाव काफी बढ़ जाता है। एआई की मदद से तीर्थयात्रियों की संख्या और वाहनों के आवागमन को ट्रैक किया जाएगा। आंकड़ों पर भीड़ प्रबंधन, यातायात को वैकल्पिक मार्गों पर मोड़ना और आपातकालीन स्थितियों में तत्काल निर्णय लेना आदि ऑटो मोड पर स्वत: संचालित किया जाएगा। एआई सिस्टम इस दिशा में समय पर और सटीक जानकारी देगा। ताकि, लोग सुरक्षित यात्रा करें। बताया, प्रदेश की जरूरत के आधार पर एजेंसी इसे तैयार करने में खर्च के बारे में भी बताएगी।