अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पुनर्विकसित हर्रावाला रेलवे स्टेशन का शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जालंधर से वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया। देशभर के 75 पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों के साथ उत्तराखंड के हर्रावाला स्टेशन का भी लोकार्पण हुआ।
शुक्रवार को उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेनि) गुरमीत सिंह, हरिद्वार सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, गढ़वाल सांसद माला राज्य लक्ष्मी शाह, विधायक बृजभूषण गैरोला, कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, रेल मंडल प्रबंधक विनीता श्रीवास्तव, राज्यसभा सांसद कल्पना सैनी, जिला पंचायत अध्यक्ष सुखविंदर कौर सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
इस दौरान राज्यपाल गुरमीत सिंह ने कहा कि हर्रावाला स्टेशन का नाम ही हरियाली का एहसास कराता है। उन्होंने कहा कि स्टेशन का डिजाइन हिमालय की थीम पर तैयार किया गया है और इसकी घुमावदार छत विशेष आकर्षण का केंद्र है। उन्होंने नागरिकों से स्टेशन की स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग की अपील की।
सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय रेलवे स्वर्णिम दौर से गुजर रही है। उन्होंने कहा कि कर्णप्रयाग रेल परियोजना का 75 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा हो चुका है और जल्द ही इसका लाभ प्रदेश को मिलेगा। उन्होंने उत्तराखंड को मिली दो वंदे भारत ट्रेनों का भी उल्लेख किया।
30 करोड़ की लागत से हुआ स्टेशन का पुनर्विकास
करीब 30 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस स्टेशन के पुनर्विकास का शिलान्यास प्रधानमंत्री ने 6 अगस्त 2023 को वर्चुअल माध्यम से किया था। देहरादून से लगभग 10 किलोमीटर दूर स्थित हर्रावाला रेलवे स्टेशन समुद्र तल से 596.10 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है। स्टेशन के आसपास करीब एक लाख की आबादी निवास करती है। स्थानीय लोगों ने यहां अधिक ट्रेनों के ठहराव की मांग भी उठाई, जिससे यात्रियों का समय, धन और ईंधन बच सके। पुनर्विकास के तहत स्टेशन पर आधुनिक प्रतीक्षालय, आरक्षण काउंटर, दिव्यांग यात्रियों के लिए विशेष सुविधा, जलपान गृह, पूछताछ केंद्र, पार्किंग और लगभग 15 कमरों का निर्माण किया गया है।
छात्रों को किया गया पुरस्कृत
समारोह के दौरान विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए वाद-विवाद, कला और निबंध प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। विजेता छात्र-छात्राओं को मुख्यमंत्री और राज्यपाल ने प्रमाणपत्र एवं पदक प्रदान कर सम्मानित किया।