45 मिनट में पूरा होगा सफर
गोविंदघाट से हेमकुंड साहिब तक रोपवे बनने से सिर्फ 45 मिनट में सफर पूरा हो जाएगा। वर्तमान में हेमकुंड साहिब की यात्रा के लिए करीब 19 किमी पैदल चढ़ाई चढ़नी पड़ती है। जिसके लिए यात्रियों को पहले दिन घांघरिया रुकना पड़ता है और फिर अगले दिन हेमकुुंड साहिब की यात्रा कर रात्रि विश्राम के लिए घांघरिया आना पड़ता है। अगले दिन गोविंदघाट लौट पाते हैं। रोपवे बनने से मात्र 45 मिनट में श्रद्धालु गोविंदघाट से हेमकुंड साहिब पहुंच जाएंगे जबकि खर्चा करीब 1100 रुपये होगा। इसके बनने से बुजुर्ग और दिव्यांग श्रद्धालुओं को सुविधा होगी।