इसके बाद परिजन शशिकला को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे। शशिकला के सिर, एक आंख, गले एवं पीठ पर तेंदुए के दांतों और पंजों के गहरे निशान बने हैं। तेंदुए के हमले के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। क्षेत्रवासियों ने वन विभाग से पिंजरा लगाने की मांग की है।
वन विभाग की दो टीमें बनाई हैं। एक टीम रात्रि में गश्त करेगी। तेंदुए को आबादी से दूर भगाने के लिए पटाखे फोड़े जाएंगे। दूसरी टीम घायल बच्ची की स्थिति देखने के लिए अस्पताल भेजी गई है। पीड़ित परिवार को शुक्रवार को राहत राशि दी जाएगी।
- मनोज सनवाल, रेंजर वन विभाग