- गंभीर मरीजों को प्राथमिक उपचार के बाद किया जाएगा हायर सेंटर रेफर, बैकअप के लिए भी चार और बेड आरक्षित
संवाद न्यूज एजेंसी
विकासनगर। दीपावली पर आतिशबाजी के दौरान झुलसने वाले मरीजों के उपचार के लिए उप जिला अस्पताल में अलग से बर्न वार्ड की व्यवस्था नहीं है। हालांकि, अस्पताल प्रशासन ने सतही तौर पर झुलसे मरीजों के उपचार के लिए चार बेड आरक्षित किए हैं। मरीजों की संख्या बढ़ने पर बैकअप के तौर पर दूसरे वार्ड में भी चार अतिरिक्त बेड की व्यवस्था की जाएगी। गंभीर रूप से झुलसे मरीजों को प्राथमिक उपचार देने के बाद हायर सेंटर रेफर किया जाएगा।
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, आरक्षित बेड पर भर्ती मरीजों के उपचार की जिम्मेदारी वरिष्ठ सर्जन डॉ. एनएस चौहान की निगरानी में रहेगी। इसके लिए अस्पताल में आवश्यक दवाओं और उपचार संबंधी सामग्री का पर्याप्त इंतजाम किया गया है। इनमें जलने पर इस्तेमाल होने वाले लोशन, क्रीम, फ्लूड, एंटीबायोटिक और दर्द निवारक दवाएं शामिल हैं। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि सामान्य रूप से झुलसने वाले मरीजों को यहीं उपचार उपलब्ध कराया जाएगा, जबकि गहरे घाव या गंभीर स्थिति होने पर उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र भेजा जाएगा।
प्रभारी मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अलिंद्र पोखरियाल ने बताया कि दीपावली को देखते हुए अस्पताल में आवश्यक तैयारियां की गई हैं। सतही तौर पर झुलसे मरीजों के लिए चार बेड आरक्षित हैं। जरूरत पड़ने पर चार अतिरिक्त बेड भी उपलब्ध कराए जाएंगे। बीते वर्ष दीपावली के दौरान अस्पताल में झुलसने के 22 मामले पहुंचे थे। इनमें सभी मरीज सतही तौर पर झुलसे हुए थे।