इन उत्पादों को घर-घर पहुंचाने के लिए स्वदेशी समृद्धि कार्ड योजना के सदस्य बनाकर उन्हें पतंजलि सहकारी आरोग्य केंद्र के स्वदेशी अभियान से जोड़ना और केंद्र के माध्यम से इस सेवा को क्रियान्वित करना है।
उन्होंने बताया कि स्वदेशी समृद्धि कार्ड धारक को एक बीमा योजना से जोड़ा जा रहा है। इसके अंतर्गत कार्डधारक की दुर्घटना में मृत्यु हो जाने पर उसके द्वारा नामित या आश्रित व्यक्ति को अनुदान सहयोग के रूप में 5 लाख रुपये की राशि दी जाएगी। इसके साथ ही कार्डधारक की स्थायी दिव्यांगता होने पर ढाई लाख रुपये सहायता के रूप में दिए जाएंगे। इस मौके पर उत्तर प्रदेश सहकारिता के सचिव वीएस रामी रेड्डी ने कहा कि अगले एक से दो वर्ष में लगभग 3500 समितियों को इस योजना से जोड़ा जाएगा जिससे लगभग 3500 करोड़ के उत्पाद विक्रय करने का लक्ष्य है।
इस मौके पर अपर निबंधक एसएन तिवारी, पतंजलि बायो अनुसंधान संस्थान के उपाध्यक्ष आरके आनंद, अपर निबंधक पीके अग्रवाल, अखिलेश वाजपयी और पतंजलि की ओर से अंशुल शर्मा, पारुल शर्मा, आरके आनंद, ऋषि वर्मा आदि उपस्थित रहे।