300 करोड़ रुपए के एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले में एसआईटी द्वारा मुख्य आरोपी बनाए गए पूर्व एसएलओ डीपी सिंह के कोर्ट में आत्मसमर्पण करने की सूचना ने पुलिस के साथ ही एसआईटी को छह घंटे तक छकाये रखा।
डीपी के आत्मसमर्पण करने की सूचना पर एसआईटी के साथ ही पुलिस व खुफिया तंत्र ने करीब छह घंटे तक कोर्ट परिसर में निगाहें जमाये रखीं, लेकिन डीपी कोर्ट में आत्मसमर्पण को नहीं पहुंचा। एसआईटी का मानना है कि डीपी बुधवार को कोर्ट में आत्मसमर्पण की अर्जी दाखिल कर सकता है।
मंगलवार को डीपी के कोर्ट में आत्मसमर्पण करने की सूचना से हरकत में आई एसआईटी ने सुबह नौ बजे ही कोर्ट परिसर में जाल बिछा दिया था। खुफिया तंत्र भी सक्रिय था। हर आने-जाने वाले पर कड़ी निगाह रखी जा रही थी। दो बजे तक भी डीपी सिंह कोर्ट नहीं पहुंचा तो तीन बजे एसआईटी और पुलिस लौट गई। डीपी की धरपकड़ के लिए पुलिस की चार टीमें भी विभिन्न क्षेत्रों में लगातार दबिश दे रही हैं।