देहरादून के झंडा बाजार इलाके में सड़क पर कपड़े में लिपटी नवजात बच्ची पड़ी मिली है।
मंगलवार रात को बच्ची की किलकारी सुनकर आसपास के लोग आ गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने नाजुक हालत में उसे दून महिला अस्पताल में भर्ती कराया है। चिकित्सक बच्ची को प्री मैच्योर डिलिवरी से जोड़कर चल रहे हैं। पुलिस आसपास के लोगों से बच्ची के संबंध में जानकारी हासिल कर रही है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के झंडा बाजार में शालू गिफ्ट कार्नर के पीछे गली में मंगलवार रात साढ़े आठ बजे के करीब सड़क पर एक नवजात बच्ची को कोई छोड़कर भाग गया। बच्ची की किलकारी सुनकर आसपास के लोग आ गए। सूचना पाकर पुलिस भी आ गई। बिना देर किए बच्ची को महिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है।
शहर कोतवाली एसएस बिष्ट ने बताया कि चिकित्सकों का कहना है कि बच्ची प्री मैच्योर (सात माह) डिलिवरी की लग रही है। पुलिस आसपास के लोगों से बच्ची के बारे में जानकारी हासिल कर रही है। यह भी आशंका जताई जा रही है कि लोक लाज के डर से कोई कुंआरी मां उसे यहां छोड़ गई है।
बता दें कि शहर क्षेत्र में नवजात शिशु को इस तरह छोड़ने के कई मामले प्रकाश में आ चुका है। अमर उजाला ने नवजातों को लावारिस छोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई के लिए मुहिम शुरू की थी। मुहिम के बाद कई लावारिस नवजातों को लेकर पुलिस ने मुकदमे दर्ज किए। अलबत्ता विवेचना में उन नवजातों को छोड़ने वालों के चेहरे बेनकाब नहीं हो सके।