इंसानियत एक बार फिर शर्मसार हुई है। मामला यूं है कि अस्पताल में डिलीवरी के दौरान नवजात की मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन ने मां बाप को तब तक बच्चे का शव नहीं दिया जब तक उन्होंने 1200 रुपये नहीं दे दिए। पूरा मामला जानिए...
घटना हरिद्वार जनपद की है। मंगलौर के मोहल्ला किला निवासी शहजाद पुत्र अब्दुल सत्तार की पत्नी की डिलीवरी होनी थी। रात को उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। आरोप है कि डिलीवरी से पहले एक स्टॉफ नर्स ने गर्भवती को एक इंजेक्शन लगाया। बच्ची पैदा हुई तो वह मृत निकली।
जब उन्होंने अपनी बच्ची का शव मांगा तो आरोप है कि स्टॉफ ने 1200 रुपये की मांग कर डाली। शहजाद ने बताया कि उसके पास उस वक्त पैसे नहीं थे। लेकिन अस्पताल प्रशासन ने बिना पैसे कि उसने रुपये देने में असमर्थता जताई तो स्टॉफ नर्स ने मृत नवजात को देने से इन्कार कर दिया।