उत्तराखंड एथलेटिक एसोसिएशन के अध्यक्ष केजेएस कलसी बताते हैं कि 38 वें राष्ट्रीय खेलों में मेजबान टीम से मैदान में उतरने के लिए मूल या स्थायी निवास प्रमाण पत्र की जरूरत नहीं है। उत्तराखंड में रहकर प्रशिक्षण ले रहे या रिश्तेदारी में रह रहे खिलाड़ी भी उत्तराखंड की टीम का हिस्सा होंगे।
विशेष प्रमुख सचिव खेल अमित सिन्हा बताते हैं कि मेजबान टीम से सिर्फ वे खिलाड़ी टीम का हिस्सा होंगे जो कम से कम पिछले छह महीने से उत्तराखंड में रह रहे हों। उत्तराखंड के किसी स्कूल, कालेज में पढ़ रहे हों, यहां नौकरी कर रहा हो या किसी काम में कार्यरत हों।
जबकि इसके ठीक उलट उत्तराखंड ओलंपिक एसोसिएशन के अध्यक्ष महेश नेगी का कहना है कि राज्य की टीम से केवल वे ही खिलाड़ी खेल सकेंगे जो उत्तराखंड के मूल या स्थायी निवासी हों। राज्य की किसी भी टीम में पैराशूट खिलाड़ी नहीं चलेगा।