सिद्धपीठ कुरुड़ में नंदा लोकजात यात्रा का श्रीगणेश हो गया है। बुधवार तड़के पूजा-अर्चना के बाद दशोली और बधाण की मां नंदा की डोलियों को गर्भगृह से मंदिर परिसर में लाया गया।
कुरुड़ मंदिर में विधायक डॉ. जीतराम ने लोकजात का शुभारंभ किया। दो दिन तक मां नंदा मंदिर में ही भक्तों को दर्शन देंगी और 26 को दोनों डोलियां कैलास के लिए रवाना होंगी।
मंदिर के गर्भगृह में पंडित योगेश्वर प्रसाद गौड़ और मुंशी चंद्र ने मां का श्रृंगार किया। जबकि पंडित कन्हैया प्रसाद, योगेश्वर प्रसाद, मुंशी चंद्र, राकेश गौड़ और मनोहर ने मां नंदा और मां दुर्गा का स्तुति पाठ किया।
यहां से गुजरेगी यात्रा
- 26 अगस्त- दशोली की मां नंदा फरखेत गांव होते हुए आठ सितंबर को बुग्याल क्षेत्र बालपाटा पहुंचेगी।
- बधाण की मां नंदा की डोली अपने पहले रात्रि पड़ाव चरबंग गांव होते हुए कैलास क्षेत्र बेदनी बुग्याल पहुंचेगी।
मेला शुरू
पेटण बैठिगे नंदा तौं ऊंचा कैलासु... जै बोला, जै भगोती नंदा, नंदा ऊंचा कैलास की, छोटो सो मेरो मदन गोपाल.. जैसे गीतों के साथ ही कुरुड़ मंदिर के समीप तीन दिवसीय नंदा लोकजात मेले का शुभारंभ हो गया। विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुति दी। मेले में कई विभागों की ओर से स्टाल लगाए गए है।
इस मौके पर मंदिर समिति के अध्यक्ष मंशाराम गौड़ , कांग्रेस जिलाध्यक्ष वीरेंद्र रावत, ब्लॉक अध्यक्ष सुखवीर रौतेला, जिला पंचायत सदस्य दर्शन सिंह, माहेश्वरी कन्याल, ज्येष्ठ प्रमुख देव सिंह, कृपाल सिंह, कलावती मैंदुली, जगदीश लाल, महिपाल सिंह, राजपाल कन्याल आदि मौजूद थे।