नगर पालिका विकासनगर के खाते में एक और उपलब्धि जुड़ गई है। पालिका का चयन देश के प्रतिष्ठित स्कॉच अवाॅर्ड के लिए हुआ है। वर्षा जल संरक्षण के क्षेत्र में यह अवाॅर्ड पाने वाली विकासनगर प्रदेश की पहली नगर पालिका है। इससे पहले नगर पालिका ने स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 में कूड़ा मुक्त शहरों में एक सितारा श्रेणी प्राप्त की थी। सर्वेक्षण में प्रदेश में 11वीं रैकिंग भी मिली थी। नगर पालिका को इस मुकाम तक पहुंचाने में अधिशासी अधिकारी बीपी भट्ट की विशेष भूमिका रही है। विकासनगर शहर में बारिश में जलभराव बड़ी समस्या है। नगर पालिका ने वर्षा जल संरक्षण के लिए योजना तैयार की थी। सोख्ता गड्ढे बनाने के लिए ऐसे स्थानों का चयन किया गया जहां जलभराव की समस्या अधिक है। इन स्थानों पर वर्षा जल की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं थी। जलभराव वाले स्थानों पर 26 सोख्ता गड्ढे बनाए गए। अधिकतर स्थानों पर नगर पालिका की यह योजना सफल रही। बारिश के दौरान सड़क पर जलभराव तो होता है पर 10 से 15 मिनट में वर्षा जल सोख्ता गड्ढों में चला जाता है। यह योजना बेहद कारगर रही। भारत को बेहतर राष्ट्र बनाने की दिशा में काम करने वाले लोगों, परियोजनाओं और संस्थाओं को सम्मानित करने वाले स्वतंत्र स्कॉच समूह ने नगर पालिका के वर्षा जल संरक्षण की योजना को सराहते हुए स्कॉच अवाॅर्ड 2025 के लिए चुना है। नगर पालिका को 20 सितंबर को दिल्ली में आयोजित समारोह में सम्मानित किया जाएगा। इस योजना को सफल बनाने में अधिशासी अधिकारी बीपी भट्ट का बड़ा हाथ रहा है। वह वर्ष 2020 में नगर पालिका मुनि की रेती के अधिशासी अधिकारी थे। तब उस नगर पालिका को स्वच्छ भारत मिशन के लिए स्कॉच अवाॅर्ड दिया गया था।