नाले से बोरे में बंद शव मिलने की खबर मिलते ही फार्म पर आजादनगर, सुभाष कॉलोनी, नौगवां, मलपुरा, बरोड़ा आदि गांवों के ग्रामीणों की भीड़ लग गई। एसएसपी बरिंदरजीत सिंह, एएसपी देवेंद्र पींचा, सीओ सुरजीत कुमार समेत कोतवाली की तमाम पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेते हुए फोरेंसिक टीम को बुलाया। फोरेंसिक टीम ने शव और आसपास से नमूने एकत्र किए।
पत्नी से कई साल पहले हो चुका था तलाक
परिजनों के अनुसार विपुल का विवाह कई साल पहले रुद्रपुर की एक महिला से हुआ था। उसकी एक बेटी भी हुई। बाद में दोनों में तलाक हो गया। तलाक के बाद महिला ने दूसरी जगह शादी रचा ली और बेटी को भी साथ ले गई।
मृतक विपुल के पिता विधान मंडल ने दो शादियां की थीं। विपुल की सगी मां रुद्रपुर में पति के साथ रहती है, जबकि उसकी बड़ी मां बबीता दिल्ली में रहती है। रविवार को विपुल के लापता होने की खबर मिलने पर बबीता भी यहां आ गई थी। विपुल की बड़ी मां बबीता ने बताया कि यहां आते ही उन्होंने विपुल के बारे में पता करने के लिए एक तांत्रिक से भी संपर्क किया। बबीता के मुताबिक उस तांत्रिक ने बताया था कि जहां विपुल की चप्पलें मिलीं हैं वहीं आसपास पानी में ही विपुल भी पड़ा होगा और उसे चार लोगों ने मारा है।
इसी के तहत सोमवार सुबह चप्पलें मिलने वाले स्थान पर खोजबीन की तो बोरे में विपुल का शव मिल गया। वहीं, जहां पर विपुल का शव मिला है उसके पास बांस के पेड़ हैं। एक स्थान पर आसपास की फसल काफी दबी-कुचली हुई है। अनुमान है कि विपुल को हत्यारों ने यहीं मारा होगा। लोगों का कहना है कि विपुल मजबूत कद काठी का था। एक दो लोगों के कब्जे में नहीं आ सकता, इसलिए हत्यारों की संख्या अधिक होने का अंदेशा है।
किच्छा में लापता विपुल का शव बोरे में मिलने की घटना ने पुलिस को उलझा दिया है। पुलिस प्रेम प्रसंग, पुरानी रंजिश और लेनदेन तीनों एंगल में जांच कर रही है। उसकी मौत की असल वजह का पता फोरेंसिक टीम की रिपोर्ट आने के बाद ही सामने आ पाएगा।
घटनास्थल पर पहुंची टीम ने मिट्टी और खून के नमूने लेकर जांच शुरू कर दी है। एसएसपी बरिंदरजीत सिंह ने बताया कि उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण कर जानकारी ली है। मृतक के परिजनों से भी पूछताछ की गई है। पुलिस और एसओजी की दो टीमें बनाकर आरोपियों की तलाश में लगाया गया है। फोरेंसिक रिपोर्ट आने से जांच में काफी मदद मिलेगी।