चकराता में सीजन में पहली बार न्यूनतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। छावनी बाजार और आसपास के समूचे ऊंचाई वाले क्षेत्र इन दिनों कड़ाके की सर्दी की चपेट हैं। दोपहर बाद चल रही शीतलहर लोगों को अधिक परेशान कर रही है।
ग्रामीण मुन्ना सिंह, कुंवर सिंह, सतीश चौहान, टीकम सिंह, मोहित, बारू चौहान, विद्यादत्त आदि ने बताया है कि क्षेत्र में अक्तूबर के बाद से बारिश नहीं हुई है। इसके चलते इस बार सूखी ठंड पड़ रही है। यह मनुष्य और मवेशियों के लिए हानिकारक है। साथ ही पाला पड़ने से गेहूं, जौ, मटर, मसूर आदि फसले खराब हो रही हैं।
बृहस्पतिवार को छावनी बाजार में दोपहर बाद सन्नाटा पसर रहा है। स्थानीय लोग सर्दी से बचने के लिए अपने घरों में दुबक रहें। व्यापारी दोपहर बाद से ही सर्दी से बचने के लिए अलाव और हीटर का सहारा लेते नजर आए। ऊंचाई वाले गांव जाड़ी, लोखंडी, मुंगाड़, खाटवा, बनियाना, कोटी कनासर, जोगियों, सुजोऊ, मोहना, इंद्रोली, कंदाड़ उदांवा में पशुपालक भी पशुओं को लेकर निचले क्षेत्र की छानियों में चले गए है। चकराता में अधिकतम 12 डिग्री दर्ज किया गया।
सीजन की पहेली बर्फबारी का इंतजार।
जनवरी का पहला सप्ताह बीतने के कगार पर है। क्षेत्र के किसान, बागवान और होटल व्यावसायी सीजन की पहली बर्फबारी का इंतजार कर रहे हैं।
बर्फबारी हुई तो लोक निर्माण विभाग मुस्तैद
लोक निर्माण विभाग राष्ट्रीय राजमार्ग खंड के कनिष्ठ अभियंता बीडी डोभाल ने बताया है कि विभाग पे कोटी कनासर, चकराता, माख्टी में तीन जेसीबी मशीने, एक डोजर, एक स्नो कटर मशीन और पाले से राहत पाने के लिए चुना आदि का पहले से ही प्रबंध कर रखा गया है।