शारदीय नवरात्रि के अंतिम पड़ाव पर शनिवार को महाअष्टमी और महानवमी के लिए सजे बाजारों में रौनक का वातावरण बना रहा। बड़ी संख्या में लोगों ने पूजन सामग्री, कन्या पूजन का सामान, चूड़ियां और अन्य श्रृंगार सामग्री खरीदी। लोगों ने कन्याओं के लिए लंच बाॅक्स, पानी की बोतल, हेयर बैंड, पेंसिल बाॅक्स आदि सामान भी खरीदे। नगर के व्यापारियों ने आगामी त्योहारों पर भी बेहतर कारोबार की उम्मीद जताई है।
अष्टमी और नवमी को धार्मिक दृष्टि से बेहद शुभ माना जाता है। मान्यता के अनुसार, इन दिनों पीतल का कलश, श्रृंगार सामग्री, मोरपंख, धातु के बर्तन और लक्ष्मी-गणेश अंकित सिक्के खरीदना शुभ होता है। इसलिए बाजार में कन्या पूजन की सामग्री की मांग रही। स्थानीय व्यापारियों के अनुसार, नवरात्रि के अंतिम दिनों में बाजार में खरीदारी बढ़ी है। महिलाओं ने चूड़ियां, बिंदी, सिंदूर समेत अन्य श्रृंगार सामग्री खरीदी। दुकानदारों को रविवार और सोमवार को भी अच्छे कारोबार की उम्मीद है। अष्टमी-नवमी पूजन की अलग-अलग मान्यताओं के चलते दोनों दिन बाजार में भीड़ रहने की संभावना है।
शनिवार को कन्या पूजन के लिए लोगों ने पूजन सामग्री और अन्य जरूरी सामान खरीदा। नवरात्रि के अंतिम दिनों को देखते हुए रविवार को भी बाजार में अच्छी खरीदारी होने की उम्मीद है। -शिवम रोहिला, स्थानीय व्यापारी।
नवरात्रि के चलते महिलाओं ने चूड़ियां, बिंदी और अन्य श्रृंगार सामग्री खरीदी। अष्टमी और नवमी पूजन को लेकर बाजार में ग्राहकों की आवाजाही बढ़ी है और आगे भी खरीदारी अच्छी रहने की उम्मीद है। - प्रवीण गर्ग, स्थानीय व्यापारी।