एसआईटी जांच में बहादराबाद के झिबारेडी स्थित राजकीय प्राइमरी विद्यालय के प्रधानाचार्य अतुल कुमार का स्थायी निवास प्रमाणपत्र फर्जी पाया गया है। एसआईटी ने प्रधानाचार्य के प्रमाणपत्र को लेकर हरिद्वार प्रशासन से रिपोर्ट मांगी थी। अपर जिलाधिकारी प्रशासन की रिपोर्ट में कहा गया कि 12 जनवरी 2001 को जारी प्रमाणपत्र का अभिलेखों में कोई रिकार्ड नहीं मिला है। इस संबंध में प्रधानाचार्य अतुल कुमार भी संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। इसी आधार पर एसआईटी के प्रभारी एसपी मणिकांत मिश्रा ने विद्यालयी शिक्षा के महानिदेशक को आरोपी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की संस्तुति की है।
नियम विरुद्ध नियुक्ति पर शिक्षिका पर मुकदमे की संस्तुति
कन्हैया लाल डीएवी इंटर कॉलेज में शिक्षिका संयोगिता के खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की संस्तुति की गई है। आरोप है कि इन्होंने उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश से मूल निवास प्रमाणपत्र बनवाकर दोनों राज्यों में आवेदन किया था। संयोगिता ने इंटर कॉलेज में नौकरी पाई। लेकिन उत्तर प्रदेश से 2010 में जारी निवास प्रमाणपत्र को निरस्त नहीं कराया।
अमान्य डिग्री से शिक्षा विभाग में नियुक्ति पाने के मामले में दो शिक्षकों के खिलाफ एफआईआर की संस्तुति की गई है। इसके अलावा कई शिक्षकाें के प्रमाणपत्रों की जांच में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। इन पर कार्रवाई चल रही है। साक्ष्याें का संकलन के बाद संबंधित के खिलाफ कार्रवाई को सिफारिश की जाएगी।
-मणिकांत मिश्रा, पुलिस अधीक्षक, सीबीसीआईडी।