इसके बाद सिरफिरे युवक ने बच्चों से भरी बस को दौड़ा दिया। बस चालक ने घटना की जानकारी प्रधानाचार्य विवेक त्यागी को दी। बच्चों से भरी बस लेकर युवक के भागने की सूचना मिलते ही कॉलेज प्रबंधन के हाथ-पांव फूल गए। मामले की जानकारी भगवानपुर पुलिस को दी गई। इस बीच सिरफिरा युवक बस को लेकर स्कूल के बाहर पहुंच गया और बस बंद करके चाकू हाथ में लहराते हुए स्कूल परिसर में जा घुसा।
युवक के हाथ में चाकू देख स्टाफ के लोगों ने उसे रोकने का प्रयास किया। इस पर युवक ने उन पर हमले की कोशिश की। युवक की हरकतों को देख स्टाफ और बच्चों में भगदड़ मच गई। कुछ देर बाद पुलिस भी स्कूल में पहुंच गई। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस ने युवक को काबू कर हिरासत में लिया। प्रधानाचार्य की अपहरण की तहरीर पर पुलिस आरोपी युवक को पकड़कर थाने ले गई। बाद में उसे जेल भेज दिया गया।
स्कूल की तरफ दौड़े अभिभावक
सिरफिरे युवक के चाकू के बल पर बस चालक से मारपीट कर बस लेकर फरार होने की सूचना मिलते ही अभिभावकों में अफरातफरी मच गई। अपने बच्चों के संबंध में जानकारी लेने के लिए अभिभावक स्कूल की तरफ दौड़ पड़े। स्कूल पहुंचकर बच्चों के सही सलामत होने पर अभिभावकों ने सुकून की सांस ली। वहीं, स्कूल प्रधानाचार्य और पुलिस का कहना है कि आरोपी ने ऐसी हरकत क्यों की, अभी तक इसका पता नहीं चल पाया है।
चालक से मारपीट कर सिरफिरे युवक के बस दौड़ा देने के बाद बस में बैठे बच्चों में चीख पुकार मच गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, युवक ने बस इतनी तेजी से दौड़ा रखी थी कि अगर बस अनियंत्रित हो जाती तो एक बड़ा हादसा हो सकता था। बताया जा रहा है कि स्कूल बस में करीब 30 बच्चे थे। सिरफिरे युवक का बेटा भी स्कूल में पढ़ा रहा है।
स्कूल के प्रधानाचार्य विवेक त्यागी की ओर से तहरीर मिली है। तहरीर के आधार पर संदीप के खिलाफ केस दर्ज किया जा रहा है। साथ ही जानकारी की जा रही है कि उसने ऐसा क्यों किया है, इसके पीछे उसकी क्या मंशा थी।
-संजीव थपलियाल, एसओ, भगवानपुर