विभाग भवन के सभागार में हुई बैठक में आयोग के अध्यक्ष योगेंद्र खंडूड़ी ने कहा कि नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार बच्चों की सुरक्षा की दृष्टि से उत्तराखंड राज्य सबसे असुरक्षित है जो चिंता का विषय है।
चमोली जिले में 180 कुपोषित और 7 बच्चे अति कुपोषित मिले हैं। उन्होंने दूरस्थ क्षेत्रों के प्राथमिक विद्यालयों में पढ़ाई और अन्य सुविधाओं की निरंतर मॉनीटरिंग करने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए। आयोग के सदस्य वाचस्पति सेमवाल ने आयोग के अधिकार और कार्यों के बारे में बताया।
इस मौके पर एडीएम मोहन सिंह बर्निया, एसडीएम परमानंद राम, पुलिस उपाधीक्षक मिथिलेश कुमार, सीईओ एलएम चमोला, जिला समाज कल्याण अधिकारी सुरेंद्र लाल, बाल कल्याण की अध्यक्ष प्रभा रावत, सदस्य उमाशंकर बिष्ट और सुरेश चंद्र आदि मौजूद थे।