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Iप्रदेश में कुल 15 मुकदमे दर्ज हैं, पुलिस की विवेचना में आए हैं तथ्यI
Iद लोनी अर्बन मल्टी-स्टेट क्रेडिट एंड थ्रिफ्ट को-ऑपरेटिव सोसाइटी (एलयूसीसी) ने प्रदेश के लोगों से 92 करोड़ रुपये की ठगी की है। इसका मुख्य संचालक समीर अग्रवाल दुबई भाग गया है। यह आंकड़ा पुलिस की अब तक की जांच में सामने आया है। पुलिस ने कुल 15 मुकदमों में जांच करते हुए अब तक कुल 20 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।I
Iयह जानकारी शनिवार को अब तक की समीक्षा के बाद आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप ने दी। उन्होंने बताया कि अब इस मामले की जांच सीबीआई करेगी। आईजी ने पत्रकार वार्ता कर बताया कि एलयूसीसी उत्तराखंड के अलावा उत्तर प्रदेश, हरियाणा, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, गुजरात, बिहार और पंजाब में फैला था। उत्तराखंड में इसका कामकाज उर्मिला बिष्ट और जगमोहन बिष्ट देख रहे थे। सोसाइटी ने लोगों से पांच सालों तक चिट फंड के रूप में पैसा जमा करा उन्हें मोटे मुनाफे का लालच दिया था। इसके बाद जब अच्छी खासी रकम जमा हो गई तो संचालक कार्यालय बंद कर भाग निकले।I
Iइसका मुख्य संचालक समीर अग्रवाल है जो कि मुंबई का रहने वाला है। उसी ने इसकी स्थापना की थी। एलयूसीसी के खिलाफ मामलों की जांच विभिन्न जिलों में और सीबीसीआईडी कर रही थी। इस दरम्यान 12 आरोपियों को विभिन्न प्रदेशों से बी वारंट पर लाकर पूछताछ की गई थी। समीर अग्रवाल फिलहाल दुबई में बताया जा रहा है। उसके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर जारी कराने की प्रक्रिया भी शुरू की गई थी।
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Iइस संबंध में पिछले दिनों सीबीसीआईडी ने सीबीआई जांच की संस्तुति की थी। निवेशकों को न्याय दिलाने और मामले की गहन व त्वरित जांच सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने भी सीबीआई जांच की अनुमति दी है। इसके संबंध में केंद्र सरकार से सरकार ने पत्राचार किया है।I