पास मिलने के बाद 35 लोगों ने मिलकर ढाई लाख रुपये में बस बुक की और हल्द्वानी पहुंचे। वहां से रोडवेज की बस से मुफ्त में उन्हें बागेश्वर लाया गया।
प्रवासी बोले, क्वारंटीन सेंटर में हाथ धोेने के साबुन तक नहीं
मुंबई से जिले में लौटे प्रवासियों ने फैसिलिटी क्वारंटीन होने के बाद वहां की तमाम अव्यवस्थाओं के बारे में बताया है। चुचेर निवासी लक्ष्मण सिंह, कपकोट निवासी कमल कपकोटी, पोथिंग निवासी देवेंद्र सिंह गढ़िया, सनगाड़ निवासी गोपाल सिंह, कौसानी निवासी मुकेश सिंह, कपकोट निवासी मुकेश सिंह, चुचेर निवासी उदय सिंह और केदार सिंह ने बताया कि विवेकानंद स्कूल स्थित फैसिलिटी सेंटर में हाथ धोने के लिए न तो हैंडवाश की व्यवस्था है और न ही साबुन की।
सेंटर में बिस्तरों की भी कमी है। साथ ही नल से बह रहे पानी के नाले में इकट्ठा होने से मच्छर परेशान कर रहे हैं। इन लोगों ने गांवों में बने क्वारंटीन सेंटर में भेजने की मांग की है।