शुभी ने बताया कि उनके मन में हमेशा से ही समाजसेवा में योगदान देने की चाह थी। जब उन्होंने समाचारों में देखा की ‘स्वच्छता कर्मचारी’ झुग्गी-झोपड़ी वाले संकीर्ण क्षेत्रों में जान जोखिम में डालते हुए सैनिटाइजेशन कर रहे हैं। तब ऐसे रोबोट का आविष्कार करने का विचार आया।
यह रोबोट कॉम्पैक्ट आकार एवं हल्के वजन का है। तीन घूमने वाले पहियों की मदद से आराम से कहीं भी आ-जा सकेगा। इसके वाणिज्यिक मॉडल के वजन को हल्का रखने के लिए उन्होंने ‘पॉलीप्रोपाइलीन’ का उपयोग प्रस्तावित किया है। रोबोट का आयाम ढाई फीट से कम होगा जो एक कैमरे के साथ-साथ एक सैनिटाइजर वितरण स्प्रिंकलर से लैस होगा।
यह तीन पहियों के कारण सभी दिशाओं में चलने में सक्षम होगा। दो लीटर क्षमता वाली सैनिटाइजर डिस्पेंसिंग यूनिट के साथ इसके तल पर रखीं बैटरी भी अपने वजन से रोबोट को स्थिरता प्रदान करने में मददगार रहेगी।