आधा भी नहीं भर पाया स्टेडियम
प्रचार प्रसार की कमी के चलते स्टेडियम आधा भी नहीं भर पाया। 25 हजार दर्शकों की क्षमता वाले स्टेडियम में करीब पांच हजार क्रिकेटप्रेमी ही पहुंच पाए। हालांकि दून समेत दूसरे शहरों से भी क्रिकेट प्रेमी मैच देखने आए। जो दर्शक आए भी उन्हें मुख्य गेट पर घंटों इंतजार करना पड़ा। जैसे ही मैच शुरू होने से पहले गेट खुला अचानक भगदड़ मच गई।
एक साल बाद मैदान में दिखी रौनक
राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में एक साल बाद रौनक देखने को मिली। बीते साल सितंबर में रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज के मैच खेले गए थे। इसके करीब एक साल से ज्यादा के समय के बाद दून में अंतरराष्ट्रीय स्तर के मुकाबले खेले गए। दूसरा मैच आज यानी शनिवार को इंडिया कैपिटल्स व साउदर्न सुपर स्टार्स और आखिरी दिन गुजरात जायंट्स व अर्बन राइजर्स हैदराबाद के बीच खेला जाएगा। छह-छह टीमों का यह टूर्नामेंट भारत के पांच शहरों देहरादून, रांची, जम्मू, वायजाग और सूरत में खेला जा रहा है। 18 नवंबर से शुरू हुई लीग का समापन नौ दिसंबर को होगा।
ये हैं इंडिया कैपिटल्स के धुरंधर
गौतम गंभीर (कप्तान), भरत चिपली, हाशिम अमला, केविन पीटरसन, किर्क एडवर्ड्स, रिकार्डो पॉवेल, वाई ज्ञानेश्वर राव, यशपाल सिंह, बेन डंक (विकेटकीपर), मोर्ने वान विक (विकेटकीपर), एशले नर्स, दिलहारा फर्नांडो, फिदेल एडवर्ड्स, ईश्वर पांडे, कोटारंगदा अपन्ना, मुनाफ पटेल, प्रवीण तांबे, रस्टी थेरॉन।
ये हैं साउदर्न सुपर स्टार्स के धुरंधर
एरोन फिंच (कप्तान), आंद्रे मैक्कार्थी, कैमरून व्हाइट, राजेश बिश्नोई, रमीज खान, रॉस टेलर, तन्मय श्रीवास्तव, उपुल थरंगा, अमित वर्मा, बिपुल शर्मा, फरवीज महारूफ, जेसी राइडर, जोहान बोथा, मनविंदर बिस्ला (विकेटकीपर), श्रीवत्स गोस्वामी (विकेटकीपर), अब्दुर रज्जाक, अमिला अपोंसो, अशोक डिंडा, पंकज राव, सुरंगा लकमल।
चाडविक वाल्टन के छक्के से नाली में गई बाल
मैच के 13वें ओवर में चाडविक वाल्टन ने राहुल की गेंद पर छक्का लगाया तो गेंद नाली में चली गई। इसके बाद इंपायर ने दूसरी गेंद मंगवाई और फिर खेल शुरू हुआ।
धोनी सचिन के साथ दर्शकों को याद आए वॉटसन
मैच के दौरान दर्शकों ने क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाली सचिन तेंदुलकर, कैप्टन कूल महेंद्र सिंह धोनी समेत ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी शेन वॉटसन को याद किया। दर्शकों में तीनों खिलाड़ियों के लिए जमकर नारेबाजी की।
मैदान का हाल देख खिलाड़ियों के चेहरे का उतरा रंग
राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में एक साल बाद क्रिकेट मुकाबला खेला गया। लीजेंड्स लीग क्रिकेट के लिए तैयार किए गए मैदान का हाल देखकर खिलाड़ियों के चेहरे का रंग उतर गया। मैदान में कई जगह मिट्टी के स्पॉट नजर आए।
मैदान को भांपने के बाद खिलाड़ियों ने फील्डिंग के लिए ज्यादा छलांग नहीं लगाई। मैदान पर नई घास के पैच लगाए गए हैं जो अलग ही नजर आ रहे हैं। वेस्ट पवेलियन की तरह बाउंड्री के पास मिट्टी का पैच वर्क भी नजर आया। स्टेडियम की पिच को लीजेंड्स लीग के लिए 25 दिनों में तैयार किया गया है। इससे पहले यहां मैदान पर बड़ी-बड़ी घासें उगी हुई थीं। बीते वर्ष भी मैदान का हाल कुछ इसी तरह रहा था। मैदान का नियमित रखरखाव नहीं होने की वजह से इस तरह की स्थिति बन रही है। इससे स्टेडियम की छवि धूमिल हो रही है।