जालसाजी के आरोपी उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष के भाई सचिन उपाध्याय को बुधवार को जमानत मिल गई है। पिछले दिनों निचली अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। लेकिन, बुधवार को अपर जिला जज पंचम धर्मसिंह की अदालत ने जमानत मंजूर कर दी है।
सचिन के वकील जतिन दुग्गल ने बताया कि निचली अदालत से जमानत याचिका खारिज होने के बाद उन्होंने पिछले सप्ताह सेशन कोर्ट में अपील की थी। बुधवार को इस याचिका पर सुनवाई के दौरान अभियोजन की दलीलों को खारिज करते हुए सेशन कोर्ट ने जमानत दी।
उन्हें बृहस्पतिवार को सुद्धोवाला जेल से जमानत पर रिहा किया जाएगा। सचिन उपाध्याय के खिलाफ दो साल पहले राजपुर थाने में जालसाजी के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मुकदमे में पिछले साल राजपुर पुलिस ने एफआर लगा दी थी।
इसके विरुद्ध वादी पक्ष ने जब अपील की तो सीजेएम कोर्ट ने एफआर निरस्त करते हुए दोबारा जांच के आदेश दिए थे। विशेष जांच टीम मामले की विवेचना कर रही है। जिसके क्रम में सचिन को गिरफ्तार किया था।