हाइकोर्ट ने महिला दारोगा के 50 प्रतिशत पदों को पदोन्नति से भरे जाने के एकलपीठ के पूर्व के आदेश को निरस्त दिया।
बुधवार को मुख्य न्यायाधीश केएम जोसेफ एवं न्यायमूर्ति वीके बिष्ट की खंडपीठ ने पदों को सीधी भरती से भरने का आदेश जारी किया।
मामले के अनुसार पिछले वर्ष पुलिस मुख्यालय ने 142 महिला दरोगा के पदों पर सीधी भर्ती के लिए विज्ञापन जारी किया था। इस भर्ती प्रक्रिया को महिला कांस्टेबल रोशनी भंडारी ने कोर्ट में चुनौती दी थी। रोशनी भंडारी की कोर्ट में दाखिल याचिका में कहा गया था कि इसमें 50 प्रतिशत पदों को पदोन्नति से भरा जाना चाहिए।
इस पर एकलपीठ ने याचिका को स्वीकार करते हुए पचास प्रतिशत पदों को पदोन्नति से भरे जाने का आदेश दिया था। एकलपीठ के इस आदेश के खिलाफ अभ्यर्थीं कल्पना शर्मा ने खंडपीठ के समक्ष स्पेशल अपील दायर की।
पक्षों की सुनवाई के बाद हाइकोर्ट की खंडपीठ ने महिला दरोगा के पदों को सीधी भर्ती से भरने का आदेश देते हुए एकलपीठ के आदेश को निरस्त कर दिया।